पंजाब में कांग्रेस का मेगा शो: कल राहुल-खड़गे की इंसाफ रैली, CM मान के गढ़ संगरूर से फूंकेंगे बिगुल...
पंजाब में कल चुनावी बिगुल फुंकेगा। 4 नवंबर को संगरूर के फगुवाला गांव में कांग्रेस की 'इंसाफ रैली' होगी, जिसे राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे संबोधित करेंगे। संगरूर CM भगवंत मान का गृह जिला है, इसलिए लोकेशन अहम है। पंजाब प्रभारी सचिन पायलट ने तैयारियों का जायजा लिया। पार्टी ने 1 लाख लोगों का लक्ष्य रखा है। राहुल नशा, बेरोजगारी और कानून-व्यवस्था पर AAP सरकार को घेरेंगे।

पंजाब विधानसभा चुनाव 2027 में अब चार महीने से भी कम समय बचा है और कांग्रेस ने चुनावी बिगुल फूंकने की पूरी तैयारी कर ली है। कल 4 नवंबर को संगरूर में कांग्रेस की 'इंसाफ रैली' होने जा रही है, जिसे नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे संबोधित करेंगे। यह रैली कई मायनों में अहम मानी जा रही है। कांग्रेस ने इसके लिए संगरूर को चुना है, जो मुख्यमंत्री भगवंत मान का गृह जिला है। संगरूर के फगुवाला गांव में होने वाली इस रैली से पार्टी सीधे तौर पर आम आदमी पार्टी सरकार को चुनौती देने का संदेश देना चाहती है।
प्रदेश कांग्रेस ने इस रैली में 1 लाख लोगों के जुटने का लक्ष्य रखा है। तैयारियों का जायजा लेने के लिए पंजाब कांग्रेस प्रभारी सचिन पायलट, प्रदेश अध्यक्ष परगट सिंह और वरिष्ठ नेता विजय इंदर सिंगला लगातार रैली स्थल का दौरा कर रहे हैं। चंडीगढ़ में सचिन पायलट ने कहा, "राहुल गांधी जी और मल्लिकार्जुन खरगे जी कल संगरूर आ रहे हैं। यह रैली पंजाब के उन लोगों को न्याय दिलाने के लिए है, जिनसे AAP ने साढ़े चार साल पहले बदलाव का वादा किया था, लेकिन बदले में सिर्फ धोखा मिला।" पायलट ने कहा कि राहुल और खड़गे पंजाब की जनता को संदेश देंगे कि कांग्रेस उनके साथ खड़ी है, उन परिवारों के साथ खड़ी है जिन्होंने अपनों को खोया है, जिनकी जिंदगी नशे से बर्बाद हुई है।
पार्टी सूत्रों के मुताबिक, यह रैली 2027 के चुनाव अभियान की औपचारिक शुरुआत होगी। इससे पहले 31 अक्टूबर को दिल्ली के इंदिरा भवन में खड़गे और राहुल ने पंजाब के बड़े नेताओं - सचिन पायलट, परगट सिंह, प्रताप बाजवा, राजा वड़िंग, चरणजीत चन्नी, सुखजिंदर रंधावा के साथ रणनीति बैठक की थी।राहुल गांधी ने साफ कहा था कि टिकट में गुटबाजी या सिफारिश नहीं चलेगी, बल्कि साफ छवि और जीतने की क्षमता वाले चेहरों को ही टिकट मिलेगा। 28 फरवरी को बरनाला रैली में भी राहुल ने नेताओं को गुटबाजी छोड़कर एकजुट होने की नसीहत दी थी।
कांग्रेस सांसद चरणजीत चन्नी ने कहा कि यह रैली कांग्रेस के अभियान की शुरुआत करेगी। पार्टी नवंबर में ही उम्मीदवारों की पहली लिस्ट जारी करने की तैयारी में है, जबकि AAP 40 नामों की पहली लिस्ट जारी कर चुकी है। कल की रैली में राहुल गांधी नशा, बेरोजगारी, कानून-व्यवस्था और भ्रष्टाचार के मुद्दे पर भगवंत मान सरकार को घेर सकते हैं। युवाओं की बड़ी भागीदारी की उम्मीद है।
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