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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 1:31 · नई दिल्ली संस्करण

ज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमला

राष्ट्रीय सागर डेस्क3 मिनट का पठन
ज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमला

मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर देश की राजनीति में भूचाल आ गया है। कांग्रेस के वरिष्ठ सांसद और राज्यसभा में उपनेता प्रमोद तिवारी ने CEC पर सीधा हमला बोलते हुए कहा है कि ज्ञानेश कुमार और भाजपा दोनों लोकतंत्र और संविधान के अपराधी हैं, इनके खिलाफ लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा दर्ज होना चाहिए। प्रमोद तिवारी ने IANS से बातचीत में कहा कि भारत के संविधान में मिले अधिकारों का उपयोग करते हुए विपक्ष मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव लाएगा। उन्होंने बड़ा खुलासा करते हुए कहा कि दो चुनाव आयुक्तों सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने खुद बताया है कि उनकी आपत्ति के बावजूद पिछले 10 महीने में 14 बार नियमों के विरुद्ध जाकर फैसले लिए गए।

सांसद प्रमोद तिवारी ने कहा कि चंदा चोरी के बाद अब वोट चोरी भी रंगे हाथ पकड़ी गई है। इस बार गवाह कोई और नहीं बल्कि चुनाव आयोग के दो सदस्य ही हैं। प्रमोद तिवारी के मुताबिक हरियाणा, महाराष्ट्र, बंगाल और असम में भाजपा की जीत इसी वोट चोरी का नतीजा है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा प्रत्याशियों को जिताने के लिए लगभग 12 करोड़ से अधिक मतदाताओं के मताधिकार पर प्रश्न चिन्ह लगाया गया। यह दुनिया के कई देशों की आबादी से भी ज्यादा है। यह सीधे तौर पर लोकतंत्र एवं संविधान की हत्या है। कांग्रेस नेता ने विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर भी चुनाव आयोग को घेरा। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग का काम वोट बचाना है, लेकिन ज्ञानेश कुमार सवालों को बचा रहे हैं। SIR के तहत 13 करोड़ नाम काटे गए हैं लेकिन एक भी नया नाम नहीं जोड़ा गया। संविधान ने चुनाव आयोग को स्वतंत्र संस्था बनाया था, लेकिन ज्ञानेश कुमार ने इसे सरकारी विभाग बना दिया है।

प्रमोद तिवारी ने कहा कि जिस तरह से भाजपा CEC ज्ञानेश कुमार का बचाव कर रही है, उससे साफ लगता है कि भाजपा सह-अपराधी है। भाजपा और ज्ञानेश कुमार ने मिलकर देश के लोकतंत्र को नुकसान पहुंचाया है। इसलिए इनके खिलाफ FIR दर्ज हो और सुप्रीम कोर्ट की देखरेख में जांच हो। उन्होंने कहा कि नैतिकता का तकाजा है कि दो चुनाव आयुक्तों की 14 बार असहमति के बाद ज्ञानेश कुमार को खुद ही अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए। भाजपा द्वारा राहुल गांधी पर लगाए जा रहे वोट चोरी के आरोपों पर पलटवार करते हुए प्रमोद तिवारी ने राहुल गांधी को सलाम किया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी ने तीन साल पहले भविष्यवक्ता की तरह जो बातें कही थीं, वे आज सच साबित हो रही हैं।

आज राहुल गांधी लोकतंत्र की रक्षा करने वाले हीरो हैं और भाजपा विलेन है। जनता भाजपा को माफ नहीं करेगी। उन्होंने यह भी कहा कि पश्चिम बंगाल भाजपा अध्यक्ष द्वारा CEC को पद्म भूषण देने की मांग पद्म पुरस्कारों का अपमान है। अगर किसी ऐसे व्यक्ति को पुरस्कार दिया जा रहा है जिस पर करोड़ों वोटरों के अधिकार छीनने का आरोप है, तो यह लोकतंत्र के साथ मजाक है। प्रमोद तिवारी ने मांग की है कि सरकार इस पूरे मुद्दे पर सच सामने लाने के लिए संसद का विशेष सत्र बुलाए। विपक्ष संसद में CEC को बुलाकर जवाबदेही तय करने पर जोर देगा।

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