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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 8:20 · नई दिल्ली संस्करण

सफाई कर्मचारियों के हित कारी योजनाओं का लाभ अंतिम छोर तक पहुंचे : मकवाना

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
सफाई कर्मचारियों के हित कारी योजनाओं का लाभ अंतिम छोर तक पहुंचे : मकवाना

हल्द्वानी। सफाई कर्मचारी आयोग के उपाध्यक्ष भगवत प्रसाद मकवाना ने नगर निगम सभागार में आयोजित सफाई कर्मचारियों की बैठक में कहा कि केन्द्र एवं राज्य सरकार सफाई कर्मचारियों के हितों के लिए अनेक कल्याणकारी योजनाएं संचालित कर रही है।

उन्होंने जोर देकर कहा कि इन योजनाओं का लाभ इस समाज के अन्तिम छोर तक पहुंचना चाहिए। उपाध्यक्ष ने बैठक में एम॰एस एक्ट 2013 के बारे में विस्तृत जानकारी देते हुए कहा कि हाथ से मैला ढोने की अमानवीय प्रथा को केन्द्र सरकार ने इस एक्ट के माध्यम से समाप्त कर दिया है, जिसके तहत किसी भी व्यक्ति या एजेंसी द्वारा हाथ से मैला ढोने के लिए किसी को नियोजित करना पूर्ण रूप से प्रतिबंधित है।

उन्होंने कहा कि इस एक्ट के तहत सफाई कर्मचारियों की मृत्यु पर सरकार द्वारा 30 लाख रुपये की धनराशि तथा अपंग होने पर 20 लाख रुपये तक की धनराशि दी जाती है। उपाध्यक्ष ने नगर निगम, जल संस्थान और सभी नगर पालिकाओं को निर्देश दिये कि सभी सफाई कर्मचारियों का बीमा अवश्य कराया जाए तथा सीवर टैंक और नालियों की सफाई के दौरान उन्हें पीपीई किट प्रदान की जाए।

उपाध्यक्ष ने सभी संस्थानों के अधिकारियों को निर्देशित किया कि उनके यहां कार्यरत सभी सफाई कर्मचारियों का पंजीकरण केन्द्र सरकार की ” नमस्ते ” योजना के तहत अनिवार्य रूप से कराया जाए। उन्होंने कहा कि समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित योजनाओं की जानकारी के अभाव में सफाई कर्मचारी उनका लाभ नहीं ले पा रहे हैं। इस पर उपाध्यक्ष ने नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि अधिकारी धरातल पर कार्य करें। उन्होंने बताया कि सफाई कर्मचारियों के पुनर्वास हेतु केन्द्र एवं राज्य सरकार द्वारा 20 लाख रुपये की धनराशि दी जाती है, लेकिन जनपद में अब तक यह राशि किसी को भी उपलब्ध नहीं कराई गई है।

उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इस संदर्भ में सफाई कर्मचारियों के निवास पर कैम्प लगाकर जानकारी दी जाए ताकि लाभ सुनिश्चित किया जा सके। उपाध्यक्ष ने नगर निगम, नगर पालिका तथा सभी सम्बन्धित विभागों को निर्देश दिये कि सफाई कर्मचारियों के आयुष्मान एवं गोल्डन कार्ड अवश्य बनाये जाएं और इसके लिए विधानसभावार कैम्प आयोजित किये जाएं। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को भी निर्देश दिया कि सफाई कर्मचारियों का रोस्टर बनाकर नियमित स्वास्थ्य परीक्षण किया जाए।

बैठक में अधिशासी अधिकारी (ईओ) नैनीताल की अनुपस्थिति पर उपाध्यक्ष ने नाराजगी व्यक्त की और एक दिन का वेतन काटने के साथ ही स्पष्टीकरण तलब किया। बैठक में नगर आयुक्त ऋचा सिंह, सिटी मजिस्ट्रेट गोपाल सिंह रावत, डीडीओ गोपाल गिरी गोस्वामी, डॉ. जे.एस. तितियाल, जनसम्पर्क अधिकारी आलोक उप्रेती सहित बड़ी संख्या में सफाई कर्मचारी उपस्थित थे।

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