मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · शाम 5:53 · नई दिल्ली संस्करण

रूस ने निभाया वादा, तीसरी एस-400 पहुंची भारत

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन

रूस ने निभाया वादा, तीसरी एस-400 पहुंची भारतसतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल रक्षा प्रणाली है स्क्वाड्रन-400नई दिल्ली, 28 फरवरी । दुनिया में तीसरे विश्वयुद्ध की आशंका के बीच रूस ने भारत से अपनी मित्रता की एक और मिशाल पेश कर अपना वादा पूरा किया है। रूस ने स्क्वाड्रन-400 की तीसरी यूनिट भारत पहुंचा दिया है। इससे पाकिस्तान और चीन की तरफ से आने वाली मिसाइलों, विमानों, हेलिकॉप्टरों को मार गिराया जा सकता है।मीडिया रिपोर्ट में बताया गया है कि रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने यूक्रेन से जारी युद्ध के बीच भारत को एस-400 की तीसरी स्क्वाड्रन भेजने का अपना वादा पूरा कर दिया है। यह स्क्वाड्रन सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल रक्षा प्रणाली है। वर्ष 2018 में रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने वर्ष के 2023 के अंत तक भारत को पांच एस-400 स्क्वाड्रन देने के लिए 5.43 बिलियन डॉलर का अनुबंध किया था। इसके तहत अब तक तीन एस-400 भारत को दे चुकी है। इससे पहले दिसंबर 2021 में पहली एस-400 भारत को मिली थी, इसे पठानकोट में पाकिस्तान सीमा पर तैनात किया गया है। इसके बाद दूसरी एस-400 अप्रैल 2022 में भारत आई थी। इस उत्तरी पूर्व में चीन सीमा के पास सिलीगुड़ी में तैनात किया गया है। माना जा रहा है रूस से मिली तीसरी एस-400 यूनिट पंजाब या राजस्थान में पाकिस्तान सीमा के आसपास तैनात किया जा सकता है।उल्लेखनीय है कि रूस की एस-400 मिसाइल सिस्टम की एक रेजीमेंट में आठ ट्रक लॉन्चर होते हैं। हर ट्रक में चार लॉन्चर लगे होते हैं। एक बार में चार मिसाइलें दागीं जा सकती है। इस तरह से एक रेजीमेंट में 32 मिसाइलें होती हैं। भारत के पास ऐसे तीन रेजीमेंट होने से देश की राजधानी दिल्ली और सीमाओं की सुरक्षा मजबूत हो जाएंगी। इससे चार सौ किलोमीटर तक का लक्ष्य भेदा जा सकता है।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें