मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · शाम 5:53 · नई दिल्ली संस्करण

पहली बरसात में धंस गईं सड़कें, गुणवत्ता पर उठे सवाल

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन

हाल छतरपुर नगर पंचायत के वार्ड 12 और 13 का , दो माह पूर्व बनी थी सड़कें

छतरपुर (पलामू): छतरपुर नगर पंचायत क्षेत्र के वार्ड 12 व वार्ड 13 में बनवाई गई सड़कें चंद माह बाद बरसात के पानी से बर्बाद हो गईं। बारिश में ही कई जगहों से उखड़ कर टूट गई। इससे वार्डवासियों में आक्रोश व्याप्त है। छतरपुर के वार्ड 13 में महेंद्र चौधरी के घर से तन्नू यादव के घर तक करीब 500 फीट सड़क अप्रैल 2021 में बनी थी। यह पहली बरसात में ही धंस कर कई जगहों से उखड़ गई। यही हाल वार्ड 12 में जपला रोड जितेंद्र कुमार की दुकान से अशोक सोनी के घर तक बनी सड़क भी पहली बारिश में ही टूट गई। वार्ड 12 के निवासी जितेंद्र राम ,नंद किशोर साहू वार्ड 13 के निवासी शंकर राम, सिद्धेश्वर यादव, महेंद्र चौधरी आदि का कहना है कि वार्ड में बनाई गई उक्त सड़क निर्माण में घटिया सामग्री का उपयोग किया गया था। इस लिए सड़क बनने के साथ टूट गई। सड़क बनने के समय घटिया सामग्री के इस्तेमाल का विरोध करते हुए पदाधिकारी से शिकायत की गई थी। बावजूद कोई करवाई नहीं हुई। नगर पंचायत क्षेत्र में कई खास लोगों को आर्थिक लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से योजनाओं के गुणवत्ता पर जरा भी ध्यान नहीं दिया जाता है। परिणाम सामने है। बताया कि बाहर के अभिकर्ता घटिया काम कराते हैं। इसके कई नगर पंचायत कर्मी भी योजनाओं में अप्रत्यक्ष रूप से शामिल रहते हैं। कई लोगो ने बताया कि गुणवत्ता की शिकायत करने वाले वार्ड पार्षदों की भी नहीं सुनी जाती है। नगर पंचायत क्षेत्र के विकास के नाम पर करोड़ों खर्च हुए पर अधिकांश योजनाओं में गुणवत्ता पर ध्यान नहीं है।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें