मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · शाम 6:35 · नई दिल्ली संस्करण

रिम्स के डॉक्टरों ने गर्भवती महिला पुलिसकर्मी और बच्चे को दिया नया जीवन

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन

रिम्स के डॉक्टरों ने गर्भवती महिला पुलिसकर्मी और बच्चे को दिया नया जीवन

रांची, 23 फरवरी। रांची जिले के मांडर की रहने वाली आईआरबी की गर्भवती महिला पुलिसकर्मी परदेशिया तिर्की और गर्भ में पल रहा बच्चा स्वस्थ है। गुरुवार को रिम्स से इन्हें डिस्चार्ज कर दिया गया। रिम्स के न्यूरो सर्जरी विभाग के डॉक्टरों ने छह घंटे की मशक्कत के बाद ऑपरेशन कर महिला पुलिसकर्मी परदेशिया के सिर में फंसी गोली निकाल दी है। इधर, गर्भ में पल रहा बच्चा भी स्वस्थ है। महिला को पति मंगल कुजूर ने गोली मार दी थी और सरेंडर करने होटवार जेल चला गया था। इसके बाद मांडर पुलिस ने उसे वहां से लाकर जेल भेजा था। उसकी निशानदेही पर पुलिस ने हथियार भी बरामद किया।

जानकारी के अनुसार रिम्स के न्यूरो सर्जरी विभाग में एक महिला पुलिसकर्मी इलाजरत थी। उसके सिर में बंदूक की गोली फंसी हुई थी। वह गर्भवती भी थी। सिर में गोली लगने के बाद उसे रिम्स के जनरल सर्जरी विभाग में एडमिट किया गया था, जहां प्राथमिक इलाज के बाद उसे न्यूरोसर्जरी विभाग में डॉ प्रोफेसर अनिल कुमार की यूनिट में भर्ती किया गया था। इसके अगले दिन तकरीबन छह घंटे की सर्जरी के बाद सर के अंदर से बुलेट डॉक्टरों ने निकाली। डॉक्टरों के मुताबिक बुलेट सिर की हड्डी को क्षति पहुंचाते हुए ब्रेन के अंदर चली गई थी। इस वजह से ब्रेन का एक हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया था। डॉक्टरों ने बताया कि यह एक चुनौतीपूर्ण ऑपरेशन था। ऐसी स्थिति में गर्भ में पल रहे बच्चे तथा मां दोनों को खतरा होता है। ऑपरेशन के बाद महिला और गर्भ में पल रहा बच्चा दोनों बिल्कुल स्वस्थ हैं। उन्हें गुरुवार को डिस्चार्ज कर दिया गया।

रिम्स के न्यूरो सर्जरी विभाग के डॉ अनिल कुमार के नेतृत्व में डॉ विराट हर्ष, डॉ सौरव बेसरा, डॉ दीपक, डॉ अशोक, डॉ विकास कुमार, डॉ हबीब, डॉ कार्तिक और डॉ दीक्षा ने इस ऑपरेशन को सफल बनाया।

बताया जाता है कि जिस महिला का सफल ऑपरेशन किया गया, वह आईआरबी की जवान थी। उसका नाम परदेशिया तिर्की है। वह मांडर के कोरांबी सकरपदा गांव की रहने वाली है। उसे उसके पति मंगल उरांव ने ही गोली मारी थी। गोली लगने के बाद उसे इलाज के लिए आनन-फानन में रिम्स लाया गया था जहां सफल ऑपरेशन कर उसकी और गर्भ में पल रहे बच्चे की जान बचा ली गयी।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें