हरियाणा में चौथी मंजिल के निर्माण पर लगी रोक हटी
चंडीगढ़,। हरियाणा सरकार ने प्रदेश के आवासीय क्षेत्रों में चौथी
मंजिल पर निर्माण को लेकर लगाई रोक हटा ली है। मंगलवार को प्रदेश के टाउन
एंड कंट्री प्लानिंग मंत्री जेपी दलाल ने चंडीगढ़ में यह ऐलान किया।
पत्रकारों
से बातचीत में दलाल ने कहा कि पुराने सेक्टरों व कालोनियों में पड़ोसी की
सहमति के साथ चार मंजिला निर्माण हो सकेगा, लेकिन यह निर्माण 10 मीटर से
चौड़ी सड़कों वाले प्लॉटों पर ही संभव होगा। वहीं दीनदयाल उपाध्याय की
कालोनियों व नए सेक्टरों में इसके लिए पड़ोसी की परमीशन की जरूरत भी नहीं
होगी।
मनोहर सरकार के समय ढाई मंजिल को बढ़ाकर पहले तीन और फिर
स्टिल्ड पार्किंग के साथ चार मंजिल तक निर्माण की मंजूरी थी। चार मंजिला
निर्माण पर प्रदेश के कई शहरों से लोगों ने आपत्तियां दर्ज करवाईं। कई
सेक्टरों की रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (आरडब्ल्यूए) ने भी इस पर आपत्ति
जताई थी। ऐसे में सरकार ने वरिष्ठ सेवानिवृत्त आईएएस पी. राघवेंद्र राव की
अध्यक्षता में एक्सपर्ट कमेटी का गठन किया। सरकार ने 21 फरवरी, 2023 से ही
स्टिल्ड प्लस फोर निर्माण पर रोक लगा दी।
दलाल ने कहा कि एचएसवीपी
और टाउन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग की लाइसेंसशुदा पुरानी कालोनियों में
सरकार ने 10 मीटर से चौड़ी सड़कों पर स्टिल्ड पार्किंग के साथ चार मंजिला
निर्माण को अनुमति दे दी है।
इसमें शर्त यह लगाई है कि चार मंजिला
निर्माण से पहले पड़ोसी से लिखित में सहमति लेनी होगी। कॉर्नर का प्लॉट होने
की स्थिति में एक ही पड़ोसी से सहमति लेनी होगी। अगर पड़ोसी इसके लिए तैयार
नहीं होता तो चार मंजिला निर्माण नहीं हो सकेगा। अगर फिर भी कोई व्यक्ति
अपने प्लॉट पर चार मंजिला निर्माण करना चाहता है तो उसे पड़ोसी के
मकान/प्लाट की साइड छह फुट जगह छोड़नी होगी। जगह छोड़ने के बाद बाकी प्लाट
में चार मंजिला निर्माण हो सकेगा। इतना ही नहीं, सहमति नहीं देने वाला
पड़ोसी भी भविष्य में चार मंजिला निर्माण नहीं कर सकेगा।
जिन पुरानी
कालोनियों में सीवरेज, पानी व बिजली आदि का प्रबंध चार मंजिला मकानों में
रहने वाले 18 लोगों के हिसाब से किया होगा तो ऐसी कालोनियों में चार मंजिला
निर्माण को मंजूरी मिल सकेगी। पुराने सेक्टरों में नौ मीटर से कम चौड़ाई
वाली सड़कों पर चार मंजिला निर्माण नहीं हो सकेगा। सरकार ने तय भी तय किया
है कि पुराने सेक्टरों व कालोनियों में 250 वर्गगज या इससे अधिक साइज के
प्लाट में ही बेसमेंट बनाई जा सकेगी। इससे कम साइज के प्लाट में बेसमेंट की
मंजूरी नहीं मिलेगी।
सरकार ने दीनदयाल उपाध्याय योजना के तहत शहरों
में विकसित हुई कालोनियों में स्टिल्ड पार्किंग के साथ चार मंजिला निर्माण
पर अब किसी तरह की रोक नहीं रहेगी। दलाल ने कहा कि एचएसवीपी और टाउन एंड
कंट्री प्लानिंग विभाग की लाइसेंसशुदा कालोनियों के अलावा शहरी स्थानीय
निकायों – नगर निगमों, नगर परिषदों व नगर पालिकाओं के अंतर्गत आने वाली
कालोनियों में भी स्टिल्ड पार्किंग के साथ तीन या चार मंजिला निर्माण हो
सकेगा।
सरकार ने 21 फरवरी, 2023 को स्टिल्ड पार्किंग के साथ चार
मंजिला निर्माण पर रोक लगा दी थी। इसके बाद भी कुछ लोगों व बिल्डरों ने
हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण के अधिकारियों के साथ मिलीभगत करके आक्यूपेशन
सर्टिफिकेट हासिल कर लिए। इसके हिसाब से उन्हें चौथी मंजिल भी बना ली। यह
बात नोटिस में आने के बाद पिछले महीने विभाग ने चौथी मंजिलों को गिराने के
आदेश दे दिए थे।
जेपी दलाल ने यह भी स्पष्ट कर दिया है कि पुराने
सेक्टरों व कालोनियों में अब 180 वर्गगज से अधिक साइज के प्लॉट पर ही फ्लोर
रजिस्ट्री की सुविधा होगी। इससे कम साइज के प्लॉटों की फ्लोर वाइज
रजिस्ट्री नहीं हो सकेगी। हालांकि दीनदयाल उपाध्याय योजना के तहत बनाई गई
कालोनियों में हर साइज के प्लाट पर चार मंजिला निर्माण भी हो सकेगा और सभी
फ्लोर की अलग-अलग रजिस्ट्री भी हो सकेगी।
कैबिनेट मंत्री जेपी दलाल
ने यह भी स्पष्ट कर दिया है कि पुराने सेक्टरों व कालोनियों में अब 180
वर्गगज से अधिक साइज के प्लॉट पर ही फ्लोर रजिस्ट्री की सुविधा होगी। इससे
कम साइज के प्लॉटों की फ्लोर वाइज रजिस्ट्री नहीं हो सकेगी। हालांकि
दीनदयाल उपाध्याय योजना के तहत बनाई गई कालोनियों में हर साइज के प्लाट पर
चार मंजिला निर्माण भी हो सकेगा और सभी फ्लोर की अलग-अलग रजिस्ट्री भी हो
सकेगी।





