गीता स्थली ज्योतिसर बनेगा विश्व का ऐतिहासिक धरोहर स्थल: मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी

कुरुक्षेत्र में महाभारत थीम पर आधारित परियोजना पर ₹250 करोड़ खर्च, पर्यटकों को मिलेगा जीवंत अनुभव
कुरुक्षेत्र/नई दिल्ली, 18 जुलाई – हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि गीता स्थली ज्योतिसर को विश्व का सबसे भव्य, यादगार और ऐतिहासिक पर्यटन स्थल बनाया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस परियोजना को मूर्त रूप देने के लिए राज्य सरकार द्वारा करीब ₹250 करोड़ की लागत से विकास कार्य किए जा रहे हैं, जिनमें महाभारत थीम पर आधारित “ज्योतिसर अनुभव केंद्र” प्रमुख है। इस केंद्र के माध्यम से देश-विदेश से आने वाले पर्यटक कुरुक्षेत्र और महाभारत के गौरवशाली इतिहास का सजीव अनुभव कर सकेंगे।
मुख्यमंत्री ने शुक्रवार को जिला कुरुक्षेत्र स्थित ज्योतिसर अनुभव केंद्र का दौरा किया, जहां उन्होंने स्वागत कक्ष, महाकाव्य सृजन कक्ष, कुरुवंशावली, गीता श्लोकों की प्रस्तुति, भगवान श्रीकृष्ण की भूमिका, दशावतार और प्राचीन महाभारत पर आधारित विभिन्न कक्षों का गहन निरीक्षण किया। इस अवसर पर गीता मनीषी स्वामी ज्ञानानंद महाराज भी उनके साथ उपस्थित रहे। पर्यटन विभाग की प्रधान सचिव श्रीमती कला रामचंद्रन ने मुख्यमंत्री को पूरे प्रोजेक्ट की प्रगति और कार्य योजना की विस्तृत जानकारी दी।
निरीक्षण के बाद मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी अधूरे निर्माण कार्यों को तेजी से पूरा किया जाए ताकि अनुभव केंद्र को शीघ्र पर्यटकों के लिए खोला जा सके। उन्होंने कहा कि इस पावन भूमि पर श्रीकृष्ण ने गीता का उपदेश दिया था, और इसी ऐतिहासिक महत्व को जीवंत रूप में दुनिया के सामने लाने का प्रयास किया जा रहा है। गीता के शाश्वत सिद्धांत “कर्मण्येवाधिकारस्ते” को जन-जन तक पहुंचाने का यह केंद्र एक सांस्कृतिक प्रकाशस्तंभ बनेगा।
मुख्यमंत्री ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश की सांस्कृतिक विरासत को वैश्विक पहचान मिली है और उसी भावना से हरियाणा सरकार इस परियोजना को आगे बढ़ा रही है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री से कुरुक्षेत्र आने का आग्रह किया गया है और यदि वे आते हैं, तो यह कुरुक्षेत्र के लिए ऐतिहासिक क्षण होगा। मुख्यमंत्री ने यह भी संकेत दिया कि कल्पना चावला तारामंडल को भी पुनः पर्यटकों के लिए शीघ्र खोला जाएगा।
इस कार्यक्रम में पूर्व राज्य मंत्री श्री सुभाष सुधा, मुख्यमंत्री के ओएसडी श्री भारत भूषण भारती, पर्यटन विभाग के निदेशक डॉ. शालीन, उपायुक्त नेहा सिंह और अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री की यह पहल न केवल हरियाणा की सांस्कृतिक चेतना को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाएगी, बल्कि आने वाली पीढ़ियों को गीता के दिव्य ज्ञान और भारतीय परंपरा से जोड़ने का माध्यम भी बनेगी।





