हेमंत सोरेन की गिरफ्तारी के 72 घंटे बाद भी धाराओं की जानकारी नहीं : झामुमो
रांची,
03 फरवरी। झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के केंद्रीय महासचिव और
प्रवक्ता सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि सभी लोग यही बोल रहे हैं कि ऐसा
नहीं होना चाहिए था। सरकार गठन के बाद से ही इसका अंदेशा था। हेमंत सोरेन
की गिरफ्तारी के 72 घंटे हो जाने के बाद भी धाराओं की जानकारी नहीं हुई है
कि किस जुर्म में गिरफ्तार किया गया। इसका कोई आधार अभी तक निकल कर सामने
नहीं आया है।
भट्टाचार्य शनिवार को हरमू स्थित पार्टी कार्यालय में
संवाददाता सम्मेलन में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि सीएम के इस्तीफा देने
के बाद कार्यवाहक मुख्यमंत्री का चयन क्यों नहीं किया गया। यह जमीन
आंदोलनकारियों की है। राज्यपाल से हम लोगों ने कहा कि कार्यपालिका का कोई
अधिकारी नहीं है लेकिन फिर भी मौन रहे। जब लोगों में आक्रोश देखा तब भाजपा
को सांप सूंघ गया और रात में बुला कर सरकार बनने का न्यौता दिया गया।
उन्होंने
कहा कि राज्यपाल ने किस आधार पर बहुमत सिद्ध करने को कहा। किस चीज का
विश्वास मत साबित करने की बात कर रहे हैं। राज्यपाल जितनी संख्या हमारी
पहले थी अभी भी हमारे पास है। 47 विधायक अब भी हैं। पार्टी जल्द ही श्वेत
पत्र जारी करेगी और बताने का काम करेगी कि कैसे गैरकानूनी तरीके से
राजनीतिक तरीके से परेशान किया गया है। उन्होंने कहा कि भाजपा में हिम्मत
है तो अविश्वास प्रस्ताव लाकर दिखाये। भाजपा और आजसू का बहुमत मिलाकर 28 की
संख्या है। कोर्ट ने भी हेमंत सोरेन को विश्वास मत (फ्लोर टेस्ट) के दौरान
विधानसभा शामिल होने का अनुमति दिया है।





