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शुक्रवार, 23 अक्टूबर 2026 · दोपहर 12:37 · नई दिल्ली संस्करण

'देश तोड़कर सत्ता में आई कांग्रेस' - BJP नेता सुधांशु त्रिवेदी ने गिनाया कांग्रेस के धोखे का इतिहास

बीजेपी सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने कांग्रेस पर बड़ा हमला बोला। खरगे के ‘अवैध सरकार’ वाले बयान पर पलटवार करते हुए उन्होंने कहा, कांग्रेस देश तोड़कर सत्ता में आई थी। त्रिवेदी ने कहा, 2014 में पहली बार पूर्ण बहुमत वाली गैर-कांग्रेसी सरकार बनी, जिसे कांग्रेस अवैध बता रही है। कांग्रेस तब जीतती थी जब बूथ कैप्चरिंग, बैलेट लूट होती थी। जब से चुनाव पारदर्शी हुए, कांग्रेस का सफाया हुआ। तमिलनाडु में 1967, बंगाल में 1977, यूपी-बिहार में 1990 के बाद कांग्रेस सत्ता में नहीं आई।

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'देश तोड़कर सत्ता में आई कांग्रेस' - BJP नेता सुधांशु त्रिवेदी ने गिनाया कांग्रेस के धोखे का इतिहास

नई दिल्ली: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे द्वारा मोदी सरकार को ‘अवैध’ बताए जाने के बाद बीजेपी ने पलटवार किया है। बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता और राज्यसभा सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि कांग्रेस वह पार्टी है जो देश को तोड़कर सत्ता में आई थी और आज वही पार्टी देश की संवैधानिक संस्थाओं और चुनावी प्रक्रिया पर सवाल उठा रही है। प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए सुधांशु त्रिवेदी ने कहा, "2014 में बनी सरकार भारत के इतिहास में पहली गैर-कांग्रेसी सरकार है जिसे स्पष्ट बहुमत मिला, और आप उसे अवैध बता रहे हैं। कांग्रेस अपनी लगातार हार की हताशा में देश के जनादेश का अपमान कर रही है।"



त्रिवेदी ने आरोप लगाया कि कांग्रेस अपनी विफलताओं का ठीकरा भारत की चुनावी प्रणाली पर नहीं फोड़ सकती। उन्होंने कहा कि सच्चाई यह है कि कांग्रेस तब चुनाव जीतती थी जब अवैध तरीके हावी थे।" जब बूथ कैप्चरिंग होती थी, बैलेट बॉक्स लूटे जाते थे, गोलियां चलती थीं, तब तक एंटी-इनकंबेंसी भी कांग्रेस के खिलाफ काम नहीं करती थी। जब से चुनाव पारदर्शी हुए हैं, CCTV आए हैं, स्वतंत्र मीडिया और स्वतंत्र न्यायपालिका मजबूत हुई है, तब से कांग्रेस को सत्ता में आने के लाले पड़े हैं," त्रिवेदी ने कहा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने 2014 के बाद से अपनी हार से सबक नहीं लिया और हर हार के बाद ECI से लेकर सेना, LIC, HAL, SBI, SEBI, वैक्सीन और न्यायपालिका तक, हर संस्था पर आरोप लगाए हैं।



बीजेपी प्रवक्ता ने कांग्रेस के इतिहास का जिक्र करते हुए कहा कि कांग्रेस की सत्ता का सफर देश को तोड़ने से शुरू हुआ। उन्होंने कहा कि 1947 के विभाजन के बाद सत्ता में आने वाली कांग्रेस ने आगे भी इसी फॉर्मूले को अपनाया। त्रिवेदी ने कहा, "जनता पार्टी की सरकार में चौधरी चरण सिंह जी के साथ किसने धोखा दिया? चंद्रशेखर जी की सरकार को तीन महीने में किसने गिराया? एचडी देवेगौड़ा और आईके गुजराल की सरकारें किसने गिराईं?" उन्होंने याद दिलाया कि 1980 में सत्ता में लौटने के बाद कांग्रेस ने 9 राज्यों की चुनी हुई सरकारों को सिर्फ इसलिए बर्खास्त कर दिया था क्योंकि वहां गैर-कांग्रेसी सरकारें थीं। राहुल गांधी के एंटी-इनकंबेंसी वाले बयान पर पलटवार करते हुए त्रिवेदी ने कहा कि राहुल गांधी को भारतीय राजनीति का ज्ञान ही नहीं है।



उन्होंने कहा, "1967 के बाद से तमिलनाडु में, 1977 के बाद से पश्चिम बंगाल में, 1990 के बाद से बिहार और यूपी में, और 1999 के बाद से ओडिशा में कांग्रेस की सरकार नहीं बनी। बिहार में 1990 के बाद 3 बार लालू यादव रहे, बंगाल में 3 बार ममता बनर्जी, ओडिशा में 24 साल तक BJD रही, तो एंटी-इनकंबेंसी कहां गई? जब से चुनाव ईमानदार हुए, कांग्रेस बाहर होती गई।" उन्होंने सवाल उठाया कि जब सोनिया-राहुल गांधी राजनीति में आए हैं, तब से कांग्रेस को सबसे ज्यादा एंटी-इनकंबेंसी का सामना करना पड़ा है। बीजेपी नेता ने अंत में कहा कि लोकतंत्र की आड़ में राजशाही चलाने वाला कांग्रेस का पहला परिवार पिछले 4 पीढ़ियों से लोकतंत्र का गला घोंट रहा है और आज जब देश की जनता ने उन्हें नकार दिया है, तो वे पूरे सिस्टम को ही अवैध बता रहे हैं।

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