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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 2:39 · नई दिल्ली संस्करण

यमुनानगर:ई-फार्मेसी के विरोध में मेडिकल स्टोर रहे बंद,सरकार को दी चेतावनी

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
यमुनानगर:ई-फार्मेसी के विरोध में मेडिकल स्टोर रहे बंद,सरकार को दी चेतावनी

यमुनानगर हरियाणा स्टेट केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के आह्वान पर बुधवार को यमुनानगर जिले में मेडिकल स्टोर संचालकों ने एक दिवसीय बंद रखकर अपनी मांगों के समर्थन में प्रदर्शन किया। जिलेभर में करीब दो हजार दवा विक्रेताओं ने कारोबार बंद रखते हुए सरकार के प्रति नाराजगी जताई। दवा विक्रेता सुबह जगाधरी स्थित सिविल अस्पताल परिसर में एकत्रित हुए, जहां से उन्होंने विरोध मार्च निकाला। बाद में प्रतिनिधिमंडल ने विधायक घनश्याम अरोड़ा के माध्यम से सरकार को ज्ञापन सौंपा।प्रदर्शन का नेतृत्व एसोसिएशन के जिला प्रधान मनजीत शर्मा ने किया। मनजीत शर्मा ने कहा कि देशभर के दवा विक्रेता लंबे समय से अपनी समस्याओं को लेकर सरकार का ध्यान आकर्षित कर रहे हैं, लेकिन अब तक कोई प्रभावी समाधान सामने नहीं आया। उन्होंने बताया कि ऑल इंडिया ऑर्गेनाइजेशन ऑफ केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट्स के आह्वान पर यह राष्ट्रव्यापी बंद आयोजित किया गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि अवैध ई-फार्मेसी संचालन के कारण बिना चिकित्सकीय परामर्श के दवाओं की उपलब्धता बढ़ रही है, जिससे जनस्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। विशेष रूप से एंटीबायोटिक और नशे की प्रवृत्ति बढ़ाने वाली दवाओं के दुरुपयोग को लेकर चिंता व्यक्त की गई।प्रदर्शनकारियों ने कहा कि कई ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर अप्रमाणित पर्चियों के आधार पर दवाओं की आपूर्ति की जा रही है। इससे पारंपरिक दवा वितरण प्रणाली प्रभावित हो रही है तथा मरीज और फार्मासिस्ट के बीच आवश्यक संवाद कमजोर पड़ रहा है। उन्होंने नकली अथवा अनुचित तरीके से संग्रहीत दवाओं के बाजार में पहुंचने की आशंका भी जताई। एसोसिएशन ने बड़ी कॉरपोरेट कंपनियों पर भारी छूट और आक्रामक मूल्य नीति के जरिए छोटे व्यापारियों को नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाया। पदाधिकारियों ने कहा कि यदि मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।

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