यूसीबी ऋषिकेश की वार्षिक सामान्य निकाय की बैठक हुई
ऋषिकेश,। उत्तराखंड को-ऑपरेटिव बैंक (यूसीबी) ऋषिकेश की 24वीं
वार्षिक सामान्य निकाय की बैठक शनिवार को हुई। बैठक में बैंक अध्यक्ष
चिंतामणी सेमवाल ने बैंक के सम्मानित प्रतिनिधियों, कर्मचारी, अधिकारी,
अतिथियों का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि बैंक के 7259 अंशधारकों के सहयोग
से बैंक निरंतर प्रगति के पथ पर अग्रसर है।
बैंक अध्यक्ष चिंतामणी
सेमवाल ने अंशधारकों से बैंक में बचत खाता खोलने का अनुरोध किया, जिससे
उनका लाभांश स्वतः ही उनके खाते में चला जाएगा। यदि तीन वर्ष तक कोई सदस्य
अपना लाभांश नहीं ले जाता तो वह तीन वर्ष बाद फोरफीट हो जाता है। उन्होंने
उन खाताधारकों को भी संदेश दिया, जिनका खाता बैंक में खुला हुआ है, परंतु
वह उसे परिचालित (संचालित) नहीं कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि 10 वर्षों तक
अपने खाते में लेन-देन ना करने पर उनकी जमा राशि भारतीय रिजर्व बैंक के
डीईएएफ खाते में चली जाती है, तो वह अपने खाते को नियमित कर दें जिससे
परेशानियों से बचा जा सके। उन्होंने बताया कि सभी सदस्यों की सहमति पर 8.50
प्रतिशत लाभांश अपने अंशधारकों को देने की घोषणा की है। अध्यक्ष ने बैंक
प्रगति पर प्रकाश डालते हुए सभी सदस्यों, कर्मचारियों व अधिकारियों के
सहयोग के लिय आभार व्यक्त किया।
बैंक सचिव एसएस
राणा ने बताया कि बैंक को वित्तीय वर्ष 2023-24 में 125.45 लाख रुपये का
सकल लाभ प्राप्त हुआ है। सभी प्रावधानों के बाद शुद्ध लाभ 88.69 लाख रहा
है। बैंक द्वारा इसी वित्तीय वर्ष में 02 नई शाखाएं अठूरवाला व बंजारावाला
देहरादून में खोल दी गई हैं तथा बैंक की वित्तीय वर्ष 2024-25 में 01 नई
शाखा देहरादून में शीघ्र खुलने जा रही है। बैंक के सभी वित्तीय आंकड़े
प्रस्तुत करते हुए सचिव ने कहा कि वित्तीय वर्ष 2024-25 के लिए 892.00 लाख
रुपये का बजट रखा गया है जिसको सदन ने सहर्ष स्वीकृति दी है।
उन्होंने
कहा कि बैंक वित्तीय सुदृढ़ता के सभी मानक पूरा करता है, बैंक में वे सभी
सुविधाएं उपलब्ध हैं जो अन्य व्यावसायिक बैंकों में हैं। केवल हमारे बैंक
में मोबाइल बैंकिंग नहीं है जिस का लाइसेन्स शीघ्र ही भारतीय रिजर्व बैंक
से ले लिया जाएगा। बैंक सचिव ने बताया कि बैंक 3.00 लाख तक के ऋणों को 24
घंटों में स्वीकृति दे रहा है तथा शाखाओं में बुजुर्गों के लिए अलग से
कॉउन्टर की व्यवस्था की गई है।





