मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 9:35 · नई दिल्ली संस्करण

रामगढ़ में दयाल स्टील प्लांट के लैब टेक्नीशियन की मौत पर बवाल, जाम किया फैक्टरी का गेट

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन

रामगढ़,

17 फरवरी । रामगढ़ थाना क्षेत्र के कोठार स्थित दयाल स्टील प्लांट

के टेक्नीशियन की मौत के बाद बवाल मचा है। मृतक के परिजनों ने ग्रामीणों के

साथ मिलकर दयाल स्टील के गेट को जाम कर दिया है। वे लोग मुआवजे की मांग कर

रहे हैं। प्लांट प्रबंधन ने मृतक के परिजनों पर गलत बयानबाजी करने का आरोप

लगाया है।

प्लांट के पदाधिकारी ने कहा कि छोटेलाल महतो लैब में

बतौर केमिस्ट काम करता था। आठ दिन पहले उसने अपने इंचार्ज को तबीयत खराब

होने की सूचना दी और घर चला गया। इसके बाद उसका कहां इलाज हुआ और उसके

परिजन उसे लेकर कहां गए, प्लांट प्रबंधन को इसकी कोई जानकारी नहीं थी।

शनिवार की सुबह अचानक छोटेलाल महतो के शव को प्लांट के गेट पर रख दिया गया

और मुआवजे की मांग की जाने लगी। इस पूरे प्रकरण की सूचना रामगढ़ थाने को दी

गई है।

मृतक के परिवार के भरण पोषण के लिए हो रहा आंदोलन

मृतक

छोटेलाल महतो पारडीह कैथा का रहने वाला था। उसकी पांच संतानें हैं। उसके

परिवार का भरण पोषण कैसे होगा, इसी को लेकर गांव वाले आक्रोश में हैं। दयाल

स्टील के गेट पर बवाल कर रहे ग्रामीणों ने कहा कि 25 वर्षों तक छोटेलाल

महतो लैब टेक्नीशियन के रूप में इस प्लांट में काम करता रहा। जब वह बीमार

पड़ा तो इसकी सही जानकारी परिजनों को नहीं मिली। प्लांट प्रबंधन को उसे

सबसे पहले अस्पताल में भर्ती करना चाहिए था लेकिन उसे सही इलाज के लिए नहीं

भेजा गया।

मृतक की पत्नी कलावती देवी ने कहा कि उनकी चार बेटी और

एक बेटा है। यदि प्लांट प्रबंधन उनके परिजनों के बारे में नहीं सोचेगा तो

पूरा परिवार बर्बाद हो जाएगा। जिस समय उसके पति बीमार पड़े उस वक्त भी

प्रबंधन की ओर से उन्हें सही सूचना नहीं दी गई। जब छोटेलाल को अस्पताल में

भर्ती कराया गया तो प्लांट प्रबंधन की ओर से किसी भी व्यक्ति ने उनकी सुध

नहीं ली और ना ही उनकी कोई सहायता की।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें