मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 7:36 · नई दिल्ली संस्करण

इस साल का 366वां दिन आज, चार साल के इंतजार के बाद आया यह दिन

राष्ट्रीय सागर डेस्क1 मिनट का पठन
इस साल का 366वां दिन आज, चार साल के इंतजार के बाद आया यह दिन

भोपाल,

29 फरवरी। आज (गुरुवार ) वह तारीख है जो साल 2024 को 366 दिन का

बना रही है। तीन साल तक 365 दिन के एक साल को बिताने के बाद चौथे साल यह 29

फरवरी के साथ 366 दिन का आया है। 29 फरवरी का दिन चार साल के इंतजार के

बाद आया है।

इस संबंध में भोपाल की राष्ट्रीय अवार्ड प्राप्त

विज्ञान प्रसारक सारिका घारू ने बताया कि इसे लीप ईयर कहा जाता है।

उन्होंने बताया कि आम तौर पर पृथ्वी द्वारा सूर्य की परिक्रमा करते हुये

365 दिन बीतने पर हैप्पी न्यू ईयर मना लिया जाता है, जबकि इस परिक्रमा को

पूरा होने में 365 दिन 5 घंटे 48 मिनिट और 45 सेकंड लगते हैं। इस अतिरिक्त

लगभग 6 घंटे को समायोजित करने के लिये चार साल होने पर फरवरी माह में एक

अतिरिक्त दिन जोड़कर लीप ईयर बना दिया जाता है। इससे कैलेंडर के माह और

उससे जुड़े मौसम का समायोजन बना रहता है।

वैज्ञानिक

सारिका यह भी बताती है कि आम तौर पर किसी सन के अंक में चार का पूरा भाग

देकर लीप ईयर की पहचान की जाती है। इसके अन्य परीक्षण के लिये 400 का पूरा

भाग भी दिया जाता है। तो इस अतिरिक्त खास दिन को बेहद खास तरह से मनाइए,

क्योंकि अगली 29 फरवरी के लिए 2028 का इंतजार करना होगा।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें