मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 7:55 · नई दिल्ली संस्करण

कानपुर में वृद्धा पेंशन के 2250 लाभार्थियों की हो चुकी है मौत, सर्वे के बाद पात्र सूची से हटा नाम

राष्ट्रीय सागर डेस्क1 मिनट का पठन

कानपुर। योगी सरकार पारदर्शी तरह से वृद्धा पेंशन उपलब्ध करा रही है।

लेकिन कुछ ऐसे खातों में पेंशन जा रही थी, जो वर्तमान में जीवित ही नहीं

है। इसका खुलासा समाज कल्याण विभाग द्वारा घर-घर सत्यापन कराने के बाद हुआ।

कानपुर नगर में कुल 2250 मृतकों के खातों को बंद करा दिया गया। यह जानकारी

शुक्रवार को कानपुर नगर समाज कल्याण अधिकारी जिला समाज कल्याण अधिकारी

त्रिनेत्र कुमार सिंह ने दी।

उन्होंने बताया कि सरकार वृद्धा पेंशन

योजना को पारदर्शी तरह से संचालित कर रही है। समय-समय पर सर्वे कराया जाता

है। जिले के 10 ब्लाकों में करीब 78 हजार वृद्धा पेंशन के लाभार्थी हैं।

वित्तीय वर्ष समाप्त होने के बाद शासन के निर्देश पर पुन: सर्वे कराया गया

तो, यह जानकारी हुई कि जनपद में कुल 2250 लाभार्थियों के खाते में मृत्यु

के बाद भी धनराशि जा रही है। ऐसे सभी लाभार्थियों का नाम सूची से हटा दिया

गया और खाते में धनराशि भेजने पर रोक लगा दी गई। विभाग ने पात्र सूची से

नाम हटाकर पेंशन खाते पर रोक लगाने के लिए बैंक को पत्र लिखा है। वहीं खाते

में भेजी गई पेंशन के लिए विभाग अब नोटिस भेजने की तैयारी कर रहा है।

सरकार गरीब बुजुर्गों को आर्थिक मदद के तौर पर वृद्धा पेंशन देती है।

योजना के तहत प्रत्येक लाभार्थी को एक हजार रुपये हर महीने के हिसाब से तीन

माह में तीन हजार रुपये भेजे जाते हैं।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें