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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 7:38 · नई दिल्ली संस्करण

उप्र बनेगा देश का सबसे बड़ा हेल्थकेयर और मेडिकल टेक्नोलॉजी हब: योगी आदित्यनाथ

राष्ट्रीय सागर डेस्क3 मिनट का पठन
उप्र बनेगा देश का सबसे बड़ा हेल्थकेयर और मेडिकल टेक्नोलॉजी हब: योगी आदित्यनाथ

लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को राजधानी लखनऊ में कहा कि उत्तर प्रदेश देश का सबसे बड़ा हेल्थकेयर और मेडिकल टेक्नोलॉजी हब बनेगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश को मेडिकल टेक्नोलॉजी, हेल्थकेयर इनोवेशन और फार्मा मैन्युफैक्चरिंग का राष्ट्रीय तथा वैश्विक हब बनाने की दिशा में सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ आगे बढ़ रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में पिछले पौने नौ वर्षों में उत्तर प्रदेश ने स्वास्थ्य क्षेत्र में ऐतिहासिक परिवर्तन किया है, जिसके परिणाम आज ज़मीनी स्तर पर स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहे हैं।अंतिम पायदान तक गुणवत्तापूर्ण चिकित्साहेल्थ कान्क्लेव को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश देश के सबसे बड़े हेल्थकेयर कंज्यूमर मार्केट के रूप में 35 करोड़ से अधिक लोगों की स्वास्थ्य आवश्यकताओं का भार वहन करता है। पिछले पौने नौ वर्षों में उत्तर प्रदेश ने स्वास्थ्य क्षेत्र में वह परिवर्तन किया है, जिसकी कल्पना पहले संभव नहीं थी। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के लागू होने से पहले किसी गरीब परिवार में यदि कोई गंभीर रूप से बीमार हो जाता था, तो पूरा परिवार भय और आर्थिक संकट में घिर जाता था। इलाज अधूरा छूट जाता था, क्योंकि न सरकार का सहयोग होता था और न ही संसाधन। आज उत्तर प्रदेश में 5.5 करोड़ परिवारों को आयुष्मान गोल्डन कार्ड जारी किए जा चुके हैं, जिनके माध्यम से प्रति परिवार 5 लाख तक की निःशुल्क स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। जो पात्र परिवार किसी कारणवश आयुष्मान योजना में शामिल नहीं हो सके, उन्हें मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना के माध्यम से कवर किया गया है।टेक्नोलॉजी से 'ईज़ ऑफ लिविंग' की ओरमुख्यमंत्री ने कहा कि अब अगला लक्ष्य प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘ईज़ ऑफ लिविंग’ विज़न को साकार करना है। इसके लिए टेक्नोलॉजी का अधिकतम उपयोग आवश्यक है। स्क्रीनिंग की प्रक्रिया गांव स्तर से शुरू होनी चाहिए, ताकि मरीज को अनावश्यक रूप से 40-50 किलोमीटर दूर न जाना पड़े। हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर पर ही यह तय हो जाए कि मरीज को किस स्तर की चिकित्सा की आवश्यकता है। टेलीकंसल्टेशन, टेलीमेडिसिन और एआई आधारित स्क्रीनिंग से यह संभव है।मेडिकल डिवाइस और फार्मा सेक्टर को नई गतिमुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में मेडिकल डिवाइस पार्क और ललितपुर में बल्क ड्रग फार्मा पार्क का विकास युद्धस्तर पर किया जा रहा है। इसका उद्देश्य केवल आत्मनिर्भर भारत नहीं, बल्कि 'मेक इन इंडिया' से 'मेक फॉर द वर्ल्ड' की दिशा में आगे बढ़ना है। कोविड काल ने यह सिखाया कि संकट के समय दुनिया अपनी मोनोपोली दिखाती है। ऐसे में देश व प्रदेश को स्वास्थ्य और मेडिकल टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनना ही होगा।निवेशकों को यूपी आने का आमंत्रणमुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने देश-विदेश के निवेशकों और उद्योग जगत को उत्तर प्रदेश आने का आमंत्रण देते हुए कहा कि प्रदेश में बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर, सुरक्षित वातावरण और सिंगल विंडो सिस्टम उपलब्ध है। सरकार समयबद्ध स्वीकृति और हर स्तर पर सहयोग सुनिश्चित करेगी। उन्होंने विश्वास जताया कि उत्तर प्रदेश मेडिकल टेक्नोलॉजी, हेल्थकेयर और फार्मा के क्षेत्र में देश ही नहीं, दुनिया का प्रमुख केंद्र बन सकता है।कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रिमोट का बटन दबाकर UP-IMRAS (Integrated Medical Research Application System) सॉफ्टवेयर का लोकार्पण किया। यह अत्याधुनिक एकीकृत डिजिटल प्लेटफॉर्म क्लिनिकल ट्रायल, फार्मास्यूटिकल्स एवं मेडिकल डिवाइसेज़ से जुड़े अनुसंधान कार्यों को सरल, पारदर्शी और समयबद्ध बनाने के उद्देश्य से विकसित किया गया है। इस सॉफ्टवेयर के माध्यम से अब शोधकर्ता अपनी सभी अनुसंधान संबंधी आवश्यकताएं, प्रस्ताव एवं अनुमतियां पूरी तरह ऑनलाइन प्रस्तुत कर सकेंगे।

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