झारखंड हाई कोर्ट में धन-शोधन के आरोपित डीजीएम सहित तीन की अग्रिम जमानत पर सुनवाई 14 जून को
रांची,। झारखंड हाई कोर्ट में धन-शोधन (मनी लॉन्ड्रिंग) मामले में
आरोपित इंडो डेनिश टूल रूम, जमशेदपुर के पूर्व डीजीएम आशुतोष कुमार, उनकी
पत्नी चयनिका एवं रिश्तेदार केशव वत्स की अग्रिम जमानत याचिका की सुनवाई
शनिवार को हुई। मामले में कोर्ट ने ईडी को जवाब दाखिल करने का निर्देश देते
हुए अगली सुनवाई की तिथि 14 जून निर्धारित की है।
ईडी ने सीबीआई के
दर्ज केस के अनुसंधान में आशुतोष कुमार एवं अन्य पर मनी लॉन्ड्रिंग करने
का मामला पाया है। इसके बाद पीएमएलए एक्ट में इनपर ईसीआईआर 2/2024 केस दर्ज
किया गया। साथ ही पीएमएल एक्ट की सुसंगत धाराओं के तहत आशुतोष कुमार, उनकी
पत्नी चयनिका कुमारी एवं रिश्तेदार केशव वत्स को मामले में आरोपित बनाया
है। इन तीनों आरोपितों पर आय से अधिक 1.96 करोड़ रुपये की संपत्ति अर्जित
करने के मामले में रांची स्थित सीबीआई कोर्ट में चल रहा है। मामले में
सीबीआई की ओर से गवाह प्रस्तुत किया जा रहा है। मामले में 21 नवंबर, 2022
को तीनों पर आरोप तय किया गया था।
उल्लेखनीय है कि सीबीआई ने आय से
अधिक संपत्ति अर्जित करने के आरोपित आशुतोष कुमार के खिलाफ 30 सितंबर,
2016 को प्राथमिकी दर्ज की थी। जांच के बाद सीबीआई ने जनवरी 2020 को तीनों
के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की थी। सीबीआई की चार्जशीट के अनुसार, आशुतोष
कुमार ने पद का दुरुपयोग करते हुए एक अप्रैल, 2007 से सात अक्टूबर, 2016 के
बीच आय से अधिक एक करोड़ 96 लाख 27 हजार 625 रुपये की अवैध कमाई की है।





