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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 8:42 · नई दिल्ली संस्करण

सेलिना जेटली के भाई विक्रांत की यूएई हिरासत मामला, 13 फरवरी को नहीं हुई मुलाकात, मंत्रालय ने मांगा चार सप्ताह का समय

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
सेलिना जेटली के भाई विक्रांत की यूएई हिरासत मामला, 13 फरवरी को नहीं हुई मुलाकात, मंत्रालय ने मांगा चार सप्ताह का समय

मुंबई। बॉलीवुड अभिनेत्री सेलिना जेटली के भाई, रिटायर्ड मेजर विक्रांत कुमार जेटली, पिछले एक साल से संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) में हिरासत में हैं। उनका मामला भारत और यूएई के बीच कानूनी और कांसुलर बातचीत का विषय बना हुआ है।

इस बीच मंगलवार को दिल्ली हाई कोर्ट में सुनवाई हुई, जिसमें विदेश मंत्रालय ने अदालत को जानकारी दी कि 13 फरवरी को विक्रांत जेटली से मुलाकात संभव नहीं हो सकी। यूएई प्रशासन ने उन्हें कांसुलर एक्सेस की अनुमति नहीं दी थी।

विदेश मंत्रालय ने अदालत को बताया कि अबू धाबी स्थित भारतीय दूतावास ने 13 फरवरी को विक्रांत से मिलने के लिए औपचारिक अनुरोध किया था, लेकिन यूएई के अधिकारियों ने इसे मंजूरी नहीं दी।

विदेश मंत्रालय ने विक्रांत जेटली से अगली मुलाकात की व्यवस्था के लिए चार सप्ताह का समय मांगा। मामले की अगली सुनवाई 16 मार्च को दिल्ली हाई कोर्ट में होगी।

दिल्ली हाई कोर्ट ने विक्रांत जेटली की पत्नी द्वारा मामले की इन‑कैमरा सुनवाई की मांग को स्वीकार करने से इनकार कर दिया। अदालत ने स्पष्ट किया कि मामले की सुनवाई पारदर्शी तरीके से ही होगी, ताकि सभी पक्षों और सरकार को कानूनी प्रक्रिया का पालन करते हुए उचित कार्रवाई करने का अवसर मिले।

अदालत ने निर्देश दिया कि केंद्र सरकार और विदेश मंत्रालय विक्रांत की कानूनी सहायता और कांसुलर सुविधा सुनिश्चित करने के लिए उचित कदम उठाएं।

यह मामला पिछले साल तब सुर्खियों में आया था, जब सेलिना जेटली ने अदालत में याचिका दायर कर आरोप लगाया कि उनके भाई को 2024 से यूएई में अवैध रूप से हिरासत में रखा गया है। विक्रांत जेटली 2016 से दुबई में रहते थे और वहां मैटिटी ग्रुप नाम की कंपनी से जुड़े हुए थे, जो ट्रेडिंग, कंसल्टेंसी और रिस्क मैनेजमेंट का काम करती थी।

सेलिना ने पिछले साल अदालत में याचिका दायर करते हुए अपने भाई को यूएई से सुरक्षित वापस लाने की मदद मांगी थी।

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