मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 3:19 · नई दिल्ली संस्करण

मुस्लिम घुसपैठियों के खिलाफ भाजपा के चल रहे आंदोलन और आदिवासी छात्रों के आक्रोश से बौखलाई झामुमो : प्रतुल शाहदेव

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन

रांची, । भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने रविवार काे

कहा कि भाजपा के द्वारा लगातार संताल सहित झारखंड के दूसरे क्षेत्रों में

बांग्लादेशी घुसपैठियों को बसाए जाने के मुद्दे पर मुखरता के कारण झामुमाे

बदहवास हो गई है। दरअसल, यही बांग्लादेशी घुसपैठिए इस गठबंधन के वोट बैंक

की राजनीति का एक हिस्सा है।

प्रतुल ने कहा कि खुद इसी सरकार के

स्पेशल ब्रांच में दाे जून, 2023 को सभी उपायुक्त को पत्र लिखा था कि संथाल

परगना के मदरसों में इन मुस्लिम बांग्लादेशी घुसपैठियों के सरकारी

दस्तावेज को बड़े पैमाने पर संगठित तरीके से तैयार किया जाता है और फिर

इन्हें प्रदेश के दूसरे हिस्से में भेजा जाता है। प्रतुल ने कहा कि भाजपा

ने इस बांग्लादेशी मुस्लिम घुसपैठ की आवाज को संथाल परगना से लेकर केंद्रीय

चुनाव आयोग तक मुखरता से उठाया है। अब गठबंधन को अपना घुसपैठियों का वोट

बैंक खतरे में दिख रहा है, जिसके कारण झामुमो के नेता बदहवास होकर अनर्गल

बयानबाजी कर रहे हैं।

प्रतुल ने कहा कि झामुमाे ने आज कांग्रेस के

विधायक नेहा शिल्पी नेहा तिर्की के उसे बयान से किनारा नहीं किया, जिसमें

उन्होंने बांग्लादेशी मुस्लिम घुसपैठियो की तुलना बिहारियों से कर डाली थी।

प्रतुल ने कहा यह बेहद शर्मनाक और शर्मसार करने वाला वाकया है। जब आप देश

के नागरिकों की तुलना जबरन देश में घुस आए घुसपैठियों के साथ करेंगे।

प्रतुल ने कहा कि पांच वर्षों से झारखंड मुक्ति मोर्चा के नेतृत्व वाली

सरकार प्रदेश में है लेकिन घुसपैठियों के विषय में इन्होंने अभी तक कभी कोई

बड़ा कदम नहीं उठाया। घुसपैठियों को संरक्षण देकर यह सरकार झारखंड के

मुसलमान का भी अहित कर रही है। क्योंकि, अल्पसंख्यक कल्याण की योजनाओं को

ज्यादातर यही मुस्लिम घुसपैठिए डकार जाते हैं। आदिवासियों के हितों पर भी

यह लव जिहाद, लैंड जिहाद और पॉलिटिकल जिहाद के जरिए चोट कर रहे हैं। पाकुड़

के केकेएम कॉलेज में आदिवासी छात्रावास में रात में पुलिस ने बर्बरता से

मारपीट की थी। इसके बाद हजारों छात्रों का जमीनी आक्रोश से भी राज्य सरकार

सकते में आ गई है।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें