ग्राम पंचायतों के सचिवालयों में 40 पंचायत सहायकों ने छोड़ी नौकरी

हमीरपुर । हमीरपुर जिले में सैकड़ों ग्राम पंचायतों के सचिवालयों में
चालीस पंचायत सहायकों के नौकरी छोड़ने से ग्रामीण परेशान हैं। पेंशन, आवास
और आनलाइन आवेदन के कार्य भी अब ठप है। एक पंचायत सहायक ने तो नियुक्ति
होने के बाद ही इस्तीफा दे दिया है। इतनी बड़ी संख्या में पंचायत सहायकों के
पद खाली होने से डिपार्टमेंट भी टेंशन में है।
हमीरपुर
जनपद में तीन सौ तीस ग्राम पंचायतें हैं। वहीं सुमेरपुर, कुरारा, मौदहा,
मुस्करा, राठ, गोहांड और सरीला विकास खंड हैं। मौदहा, हमीरपुर, राठ और
सरीला आदि चार तहसीलों के तहत सैकड़ों ग्राम पंचायतों में ग्रामीणों को
जाति, पेंशन, निवास, आय समेत अन्य जरूरी प्रमाणपत्रों के लिए पंचायतों के
सचिवालयों में सुविधाएं हैं, जहां आनलाइन आवेदन भरने सहित अन्य जरूरी काम
होते हैं। शुरू में पंचायत स्तर से ये कार्य न होने से ग्रामीणों को ब्लाक,
तहसील और जिला मुख्यालय के चक्कर लगाने पड़ते थे। पेंशन, आवास, जाति और
निवास सहित अन्य आवश्यक कामों के लिए गांव के लोगों को सारा दिन लगता था।
धन भी खर्च होता था लेकिन शासन की मंशा के तहत ग्राम पंचायतों में ही यह
पंचायतों के सचिवालयों में ही मुहैया कराई जा रही है।
इधर, तीन सौ
तीस ग्राम पंचायतों में ग्रामीणों के जरूरी काम करने के लिए तीन सौ तीस
पंचायत सहायकों की तैनाती की थी। ये पंचायत सहायक ग्राम पंचायतों के
सचिवालयों में बैठकर काम करते थे। लेकिन मौजूदा में चालीस पंचायत सहायकों
ने नौकरी ही छोड़ दी है। इतनी बड़ी संख्या में पंचायत सहायकों के नौकरी
छोड़ने से ग्रामीण अब परेशान हैं।
छह हजार रुपये के मानदेय पर तीन सौ तीस ग्राम पंचायतों में रखे गए पंचायत सहायक
सुमेरपुर
ब्लाक के चंदपुरवा व कल्ला ग्राम पंचायतों के सचिवालयों में नियुक्ति के
बाद पंचायत सहायकों के इस्तीफा देने से पद खाली हो गए हैं। इससे ग्रामीणों
को जरूरी काम के लिए परेशान होना पड़ रहा है। जिला पंचायतराज अधिकारी
जितेन्द्र मिश्रा ने बताया कि हमीरपुर जिले की तीन सौ तीस ग्राम पंचायतों
में इतनी ही संख्या में पंचायत सहायकों की तैनाती थीं, जिन्हें छह हजार
रुपये मानदेय के तौर पर मिलता था। उन्होंने बताया कि मौजूदा समय में चालीस
पंचायत सहायकों के पद खाली हो गए हैं। जिन्हें शासन के आदेश आते ही भरने की
प्रक्रिया जल्द ही प्रारम्भ होगी।
पंचायत सहायकों के चालीस पद खाली होने से ग्रामीणों के पेंशन व अन्य कार्य हो गए ठप
हमीरपुर
जिले के गोहांड विकास खंड क्षेत्र में सर्वाधिक पंचायत सहायकों के आठ पद
खाली हैं। अमगांव, चंदवारी डांडा, चिकासी, नहदौरा, पतखुरी, रिहुंटा, सैना,
उमरिया ग्राम पंचायतों में पंचायत सहायक नहीं हैं। कुरारा क्षेत्र के झलोखर
व शेखूपुर, मौदहा विकास खंड क्षेत्र में भमौंरा, खैरी, मसगांव, सायर,
टोलामाफ में भी पंचायत सहायकों के पद खाली होने से पेंशन, जाति, निवास,
आवास और आय समेत अन्य जरूरी काम ठप हो गए हैं। सुमेरपुर क्षेत्र के बरुआ,
बिरखेरा, कलौलीजार, चंदपुरवा बुजुर्ग, कल्ला और मवई जार ग्राम पंचायतों में
भी पंचायत सहायक नहीं हैं।





