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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 5:22 · नई दिल्ली संस्करण

अखिलेश की सरकार में कई सौ करोड़ रुपये के फंड से बनी मंडियों में लटक रहे ताले

राष्ट्रीय सागर डेस्क3 मिनट का पठन
अखिलेश की सरकार में कई सौ करोड़ रुपये के फंड से बनी मंडियों में लटक रहे ताले

हमीरपुर, बुंदेलखंड में अखिलेश यादव की सरकार में कई सौ करोड़

रुपये के फंड से बनाई गई मंडियों में आज भी ताले लटक रहे है। किसानों को

लाभ देने के लिए मंडिया एक दशक बीतने के बाद भी हैंडओवर नहीं की गई जिससे

बड़ी संख्या में बनाई गई मंडिया अब वीरान हो गई है।

सूबे में मायावती की

सरकार में किसानों के लिए गल्ला मंडियों के निर्माण कराए जाने की हरी झंडी

दी गई थी। बुंदेलखंड विशेष पैकेज में कई सौ करोड़ रुपये के फंड सेमंडियों

के निर्माण कराए जाने का यहां हमीरपुर जिले में शुभारंभ हुआ था। राठ, सरीला

समेत अन्य तमाम गांवों में गल्ला मंडिया बनाई गई। डिपार्टमेंट के मुताबिक

सरीला क्षेत्र के चंडौत गांव में किसानों की सुविधा के लिए गल्ला मंडी बनाई

गई थी जिसमें वर्ष 2010 से 2014 तक 207.09 लाख रुपये खर्च किए गए।

लेकिन

यह मंडी किसानों के लिए नहीं हैंडओवर की जा सकी। हमीरपुर जिले के अन्य

गांवों में भी करोड़ों रुपये के फंड से बनाई गई गल्ला मंडिया पूरी तरह से

वीरान हो गई है। इन मंडियों में कामकाज न शुरू कराए जाने से किसान मायूस

है। भारतीय किसान यूनियन के जिलाध्यक्ष निरंजन सिंह राजपूत ने बताया कि

सरकार ने किसानों को अनाज नजदीक में ही मंडियों में बेचने की बड़ी

सुविधा

देने को जगह-जगह मंडियों के निर्माण कराए है लेकिन रखरखाव न होने के कारण

कई जगहों पर बनी मंडिया खंडहर में तब्दील हो गई है।

अखिलेश की सरकार में ही मंडिया बनाने में खर्च हुए थे डेढ़ अरब रुपये

अखिलेश

यादव की सरकार में वर्ष 2012 में बुंदेलखंड विशेष पैकेज के तहत डेढ़ सौ

करोड़ रुपये का फंड मंडियों के निर्माण कराने के लिए कार्यदायी संस्था को

मिला था जिसमें एक अरब रुपये की लागत से विशिष्ट मंडी का निर्माण कराया गया

जबकि तेईस उप मंडिया भी बनाई गई। इन मंडियों में भी छियालीस करोड़ से अधिक

रुपये की धनराशि खर्च हुई। मजे की बात तो यह है कि ये मंडिया आज तक न तो

हैंडओवर की गई और नही किसानों के उपयोग के लिए मंडियों के ताले खोले गए।

सुमेरपुर ब्लाक के धनपुरा गांव में सौ एकड़ भूमि में बनी विशिष्ट मंडी इन

दिनों वीरान हो गई है।

करोड़ों रुपये लगे ठिकाने फिर भी किसानों को मंडियों से नही मिला फायदा

हमीरपुर

जिले में एक विशिष्ट मंडी व तेईस उप मंडियों के निर्माण में करीब डेढ़ अरब

की धनराशि खर्च हो गई लेकिन इससे किसानों को कोई लाभ आज तक नहीं मिल सका।

बार संघ के अध्यक्ष

एवं किसान नेता भगवानदास दीक्षित ने बताया कि सरकार ने

किसानों के लिए मडियों का निर्माण कराया था लेकिन ये मजाक बन गई है। एडीएम

फाइनेंस विजय शंकर तिवारी ने बताया कि बुंदेलखंड विशेष पैकेज के तहत यहां

मंडियों के निर्माण कराए गए थे। अभी तक ये हैंडओवर क्यों नहीं हुई इसे लेकर

पता कराया जाएगा। बताया कि मंडी प्रभारियों से इस मामले में जानकारी कर

कार्रवाई की जाएगी।

समाप्त

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