मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · शाम 5:54 · नई दिल्ली संस्करण

कोरोना से जंग जीतेंगे हम: मुश्किल दिनों को याद कर भर आईं पीएम मोदी की आंखें

राष्ट्रीय सागर डेस्क3 मिनट का पठन

वैश्विक महामारी कोरोना वायरस के खिलाफ दुनिया के सबसे बड़े टीकाकरण अभियान की शनिवार को शुरुआत हो गई। कोरोना काल के मुश्किल दिनों को याद कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भावुक हो गए। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए देशवासियों से संबोधित करते हुए मोदी ने महामारी के शुरुआती दिनों के संघर्ष को याद किया, तो उनकी आंखों में आंसू आ गए।

प्रधानमंत्री मोदी ने सुबकते हुए कहा कि कोरोना से हमारी लड़ाई आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता की रही है। हम लोग कोरोना के खिलाफ जंग जरूर जीतेंगे। मोदी भरी हुई आंखों से कोरोना संकट के उस मुश्किल वक्त का जिक्र करते रहे, जब भारत के पास कोरोना से लड़ाई का मजबूत इन्फ्रास्ट्रक्चर नहीं था। मोदी ने सुबकते हुए कहा कि कोरोना से हमारी लड़ाई आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता की रही है। इस मुश्किल लड़ाई से लड़ने के लिए हम अपने आत्मविश्वास को कमजोर नहीं पड़ने देंगे, ये प्रण हर भारतीय में दिखा।

सैकड़ों साथी गए, तो फिर कभी घर नहीं लौटे

हेल्थ वर्कर्स को याद कर मोदी की आंखें डबडबा गईं। उन्होंने कहा, "सैकड़ों साथी ऐसे भी हैं जो कभी अपने घर वापस नहीं लौटे। उन्होंने एक-एक जीवन को बचाने के लिए अपना जीवन आहूत कर दिया। इसलिए आज कोरोना का पहला टीका स्वास्थ्य सेवा से जुड़े लोगों को लगाकर एक तरह से समाज अपना ऋण चुका रहा है।"

संघर्ष के दिन और एकजुटता की ताकत

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, ''मुझे याद है, एक देश में जब भारतीयों की जांच करने के लिए मशीनें कम पड़ रहीं थीं, तो भारत ने वहां पूरी लैब भेज दी थी ताकि वहां से भारत आ रहे लोगों को टेस्टिंग की दिक्कत ना हो। भारत ने इस महामारी से जिस प्रकार से मुकाबला किया उसका लोहा आज पूरी दुनिया मान रही है। केंद्र और राज्य सरकारें, स्थानीय निकाय, हर सरकारी संस्थान, सामाजिक संस्थाएं, कैसे एकजुट होकर बेहतर काम कर सकते हैं, ये उदाहरण भी भारत ने दुनिया के सामने रखा।''

विदेश में परेशानी में फंसे अपनों को वतन वापस लाए :पीएम

प्रधानमंत्री ने टीकाकरण अभियान को लॉन्च करते हुए कोरोना के एक साल को याद किया। नम आंखों से मोदी ने कहा, "जनता कर्फ्यू, कोरोना के खिलाफ हमारे समाज के संयम और अनुशासन का भी परीक्षण था, जिसमें हर देशवासी सफल हुआ। जनता कर्फ्यू ने देश को मनोवैज्ञानिक रूप से लॉकडाउन के लिए तैयार किया। हमने ताली-थाली और दीए जलाकर, देश के आत्मविश्वास को ऊंचा रखा। ऐसे समय में जब कुछ देशों ने अपने नागरिकों को चीन में बढ़ते कोरोना के बीच छोड़ दिया था, तब भारत, चीन में फंसे हर भारतीय को वापस लेकर आया। और सिर्फ भारत के ही नहीं, हम कई दूसरे देशों के नागरिकों को भी वहां से वापस निकालकर लाए।"

पहले चरण में इतने लोगों को लगेगा टीका

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि इतने बड़े स्तर का टीकाकरण अभियान पहले कभी नहीं चलाया गया। यह अभियान इतना बड़ा है, इसका अंदाजा आप इसी से लगा सकते हैं कि दुनिया के कई देशों की आबादी तीन करोड़ से कम है और भारत पहले ही चरण में तीन करोड़ लोगों का टीकाकरण कर रहा है।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें