मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 7:56 · नई दिल्ली संस्करण

डब्ल्यूबीएसएससी शिक्षक भर्ती घोटाला: सुप्रीम कोर्ट ने कलकत्ता हाईकोर्ट के आदेश पर लगाई रोक

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
डब्ल्यूबीएसएससी शिक्षक भर्ती घोटाला: सुप्रीम कोर्ट ने कलकत्ता हाईकोर्ट के आदेश पर लगाई रोक

नई दिल्ली। पश्चिम बंगाल के एसएससी शिक्षक भर्ती घोटाले से जुड़े मामले में बड़ा अपडेट सामने आया है। सोमवार को सुप्रीम कोर्ट ने नई भर्ती में 2016 के वेटिंग लिस्ट वाले शिक्षकीय उम्मीदवारों को मौका देने के कलकत्ता हाईकोर्ट के फैसले पर रोक लगा दी है।

सोमवार को सुप्रीम कोर्ट ने कलकत्ता हाईकोर्ट के उस आदेश पर रोक लगा दी, जिसमें नई भर्ती में 2016 की भर्ती प्रक्रिया में गैर-चयनित उम्मीदवारों को भी आयु सीमा में छूट देने की बात कही गई थी। सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि उसका फैसला सिर्फ और सिर्फ उन उम्मीदवारों के लिए था, जो मेरिट के आधार पर चयनित हुए थे और जिन पर कोई दाग नहीं था।

अदालत ने यह भी कहा कि जिन अभ्यर्थियों का चयन ही नहीं हुआ था, उन्हें उम्र में छूट देना भर्ती प्रक्रिया की मूल भावना और पारदर्शिता को नुकसान पहुंचा सकता है।

साल 2016 में पश्चिम बंगाल स्कूल सर्विस कमीशन (डब्ल्यूबीएसएससी) द्वारा कराई गई शिक्षक भर्ती में बड़े पैमाने पर गड़बड़ियां सामने आई थीं। जांच में ओएमआर शीट्स से छेड़छाड़, रैंक जंपिंग, फर्जी नियुक्तियां और कैश-फॉर-जॉब्स जैसे गंभीर आरोप सामने आए थे।

इन्हीं अनियमितताओं के चलते कलकत्ता हाईकोर्ट ने अप्रैल 2024 में करीब 25,753 शिक्षकों और गैर-शिक्षण कर्मचारियों की नियुक्तियां रद्द कर दी थीं। बाद में सुप्रीम कोर्ट ने भी इस फैसले पर अपनी मुहर लगा दी थी।

हालांकि 12 दिसंबर को कलकत्ता हाईकोर्ट ने एक और अहम आदेश दिया। इसमें पश्चिम बंगाल स्कूल सर्विस कमीशन को निर्देश दिया गया कि नई भर्ती प्रक्रिया में 2016 की पैनल की वेटिंग लिस्ट में शामिल कुछ शिक्षकीय उम्मीदवारों को इंटरव्यू में शामिल होने का मौका दिया जाए, लेकिन इसके साथ कुछ सख्त शर्तें भी तय की गईं।

जस्टिस अमृता सिन्हा की बेंच ने साफ कहा कि यह राहत बहुत सीमित दायरे में दी जा रही है। उन्होंने बताया कि केवल दो तरह के उम्मीदवार ही इसके पात्र होंगे। पहला, वे उम्मीदवार जो वेटिंग लिस्ट में थे लेकिन उम्र सीमा पार हो जाने की वजह से नई भर्ती में इंटरव्यू नहीं दे पा रहे थे। दूसरा, केवल वेटिंग लिस्ट वाले वह उम्मीदवार जिन्होंने खुद हाईकोर्ट से नई भर्ती प्रक्रिया में शामिल होने की अनुमति मांगी है।

हालांकि, सोमवार को मामले में सुनवाई के बाद सुप्रीम कोर्ट ने कलकत्ता हाईकोर्ट के फैसले पर रोक लगा दी है।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें