मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 3:23 · नई दिल्ली संस्करण

वोटर लिस्ट से नाम हटाए जाने के खिलाफ सड़कों पर उतरे लोग

राष्ट्रीय सागर डेस्क1 मिनट का पठन
वोटर लिस्ट से नाम हटाए जाने के खिलाफ सड़कों पर उतरे लोग

सिलीगुड़ी। नक्सलबाड़ी में सप्लीमेंट्री लिस्ट जारी होते ही डिलीट वोटरों की संख्या तेजी से बढ़ रही है, जिसके चलते लोगों में नाराजगी और विरोध भी बढ़ता जा रहा है।दार्जिलिंग जिले के नक्सलबाड़ी ब्लॉक के हाथीघिसा इलाके के 25/62 सेबदुल्ला जोत प्राथमिक विद्यालय की सप्लीमेंट्री वोटर लिस्ट में इस बार 66 लोगों के नाम हटा दिए गए है। कुल 966 वोटरों में से 28 फरवरी को जारी पहली पूर्ण वोटर लिस्ट में 40 नाम पहले ही हटाए गए थे और 111 नाम जांच के अधीन थे।अब दूसरी सप्लीमेंट्री लिस्ट जारी होने के बाद फिर 66 और वोटरों के नाम हटा दिए गए हैं। हालांकि अभी भी 11 वोटरों के नाम जांच के अधीन बताए जा रहे हैं।इस बार जिन लोगों के नाम हटाए गए है, उनमें नक्सलबाड़ी पंचायत समिति के कर्माध्यक्ष आसर्फ अंसारी का नाम भी शामिल है। उन्होंने आरोप लगाया है कि अल्पसंख्यक और दो आदिवासी समुदाय के वोटरों के नाम जानबूझकर हटाए गए है।आसर्फ अंसारी का कहना है कि यह काम चुनाव आयोग द्वारा बीजेपी को फायदा पहुंचाने के लिए किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि उनके परिवार का नाम 2002 से वोटर लिस्ट में है, उनके पिता का नाम भी दर्ज था और उनके दादा ने 1951 में वोट दिया था। उनके पास सभी जरूरी दस्तावेज मौजूद है।इसी तरह की शिकायत अन्य हटाए गए वोटरों ने भी की है। इस पूरे मामले को लेकर प्रभावित लोगों ने चुनाव आयोग के खिलाफ जमकर विरोध और नाराजगी जताई है।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें