मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 8:24 · नई दिल्ली संस्करण

अगस्त में पहली बार यूपीआई लेनदेन का आंकड़ा 20 अरब के पार

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन

नई दिल्ली । भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम (एनपीसीआई) द्वारा सोमवार को जारी आंकड़ों के अनुसार, यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (यूपीआई) ने अगस्त में अपने इतिहास में पहली बार 20 अरब लेनदेन को पार कर लिया।

अगस्त में यूपीआई ट्रांजैक्शन की संख्या 20.01 अरब के आंकड़े तक पहुंच गई, जो बीते महीने जुलाई के आंकड़े 19.47 अरब की तुलना में 2.8 प्रतिशत की वृद्धि दर्शाता है। वार्षिक आधार पर, यह 34 प्रतिशत की वृद्धि है।

मूल्य के संदर्भ में, यूपीआई ने अगस्त के दौरान 24.85 लाख करोड़ रुपए के लेनदेन दर्ज किए, जो पिछले वर्ष की तुलना में 24 प्रतिशत अधिक है।

इसके अलावा, एनपीसीआई के आंकड़ों के अनुसार, औसत दैनिक लेनदेन संख्या बढ़कर 64.5 करोड़ हो गई, जो कि जुलाई में 62.8 करोड़ दर्ज की गई थी। हालांकि, अगस्त में औसत दैनिक लेनदेन मूल्य 80,177 करोड़ रुपए रहा, जो कि जुलाई में 80,919 करोड़ रुपए था।

यूपीआई ने इससे पहले 2 अगस्त को एक ही दिन में 70 करोड़ से ज्यादा लेनदेन का रिकॉर्ड बनाया था।

यह उपलब्धि पिछले कुछ महीनों में लगातार हुई वृद्धि के बाद हासिल हुई है। अगस्त में यह उछाल रियल मनी गेमिंग प्लेटफॉर्म पर प्रतिबंध के बावजूद देखने को मिला।

जून में, यूपीआई से 24.04 लाख करोड़ रुपए मूल्य के 18.40 अरब लेनदेन हुए। अगले महीने, इसमें 5.8 प्रतिशत की तीव्र वृद्धि हुई और यह 19.47 अरब लेनदेन तक पहुंच गया, जिससे लेनदेन का मूल्य 25.08 लाख करोड़ रुपए तक पहुंच गया।

एसबीआई रिसर्च के लेटेस्ट आंकड़ों के अनुसार, अकेले जुलाई में 9.8 प्रतिशत हिस्सेदारी के साथ महाराष्ट्र डिजिटल भुगतान में लगातार अग्रणी रहा, उसके बाद 5.5 प्रतिशत हिस्सेदारी के साथ कर्नाटक और 5.3 प्रतिशत के साथ उत्तर प्रदेश का स्थान रहा।

रिपोर्ट में कहा गया है, "कुल मूल्य लेन-देन में पीयर-टू-मर्चेंट (पी2एम) लेनदेन की हिस्सेदारी जून 2020 में मात्र 13 प्रतिशत से बढ़कर जुलाई 2025 में 29 प्रतिशत हो गई है। इसी अवधि के दौरान, मात्रा में हिस्सेदारी 39 प्रतिशत से बढ़कर 64 प्रतिशत हो गई है, जो डिजिटल भुगतान और वित्तीय समावेशन में मजबूत वृद्धि को दर्शाता है।"

यूपीआई के नेतृत्व में डिजिटल भुगतान तेजी से बढ़ रहे हैं, जो कैश इन सर्कुलेशन (सीआईसी) की संख्या से कहीं अधिक है। मासिक औसत यूपीआई लेनदेन 24,554 अरब रुपए है, जबकि अप्रैल-जुलाई 2025 के दौरान सीआईसी की मासिक औसत वृद्धि 193 अरब रुपए है।

लगभग 300 प्रमुख व्यापारी श्रेणी कोड हैं और एनपीसीआई ने केवल 29 प्रमुख एमसीसी के साथ शुरुआत की है।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें