मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 10:19 · नई दिल्ली संस्करण

कांग्रेस के चेहरे तो बदले लेकिन चरित्र 1975 वाला ही है : योगी

राष्ट्रीय सागर डेस्क3 मिनट का पठन

लखनऊ, । मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आपातकाल की को याद करते

हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी का के चेहरे भले बदल गए हों लेकिन उसका मूल

चरित्र 1975 वाला ही है। वह आज भी भारत के संविधान को, भारतीय लोकतंत्र को

कोशते हैं और उन्हें देश से और देश की जनता से कोई सरोकार नहीं है।

मुख्यमंत्री

योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को यहां अपने सरकारी आवास पर पत्रकारों से बात

करते हुए कहा कि आज से ठीक 50 वर्ष पूर्व, आज ही के दिन देर रात में एक

काला अध्याय लिखा गया था, जब कांग्रेस की तत्कालीन सरकार ने भारत के

संविधान का गला घोटते हुए लोकतंत्र को पूरी तरह समाप्त करने की साजिश रची

थी। 25 जून 1975 को रात के अंधेरे में तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी

के नेतृत्व में कांग्रेस की सरकार ने कैसे भारत के लोकतंत्र को नष्ट करने

का प्रयास किया था, उस समय के सभी विपक्षी दलों के नेताओं को जेल में डाल

दिया गया था। उसमें अटल बिहारी वाजपेई, मोरारजी देसाई, जयप्रकाश नारायण,

लालकृष्ण आडवाणी समेत विपक्ष के सभी नेताओं को जेल में डालकर लोकतंत्र का

गला घुटने का प्रयास किया था।

आज जब 50 वर्ष के उपरांत हम

आपातकाल को याद करते हैं तो स्वाभाविक रूप से कांग्रेस में चेहरे बदले

होंगे लेकिन उसका चरित्र वही है। 1975 में कांग्रेस का जो बर्बर चेहरा

देखने को मिला था वह आज भी है। संविधान की आत्मा को नष्ट करने का काम किया

था। देश के नागरिकों के मौलिक अधिकारों को प्रतिबंधित कर दिया था। न्यायालय

के अधिकारों को बंधक बनाकर रखा था। आज भी कांग्रेस पार्टी में भले ही

नेतृत्व बदला हो लेकिन उसका चरित्र वही है। यह (कांग्रेस) लोकतंत्र की

दुहाई देते हैं लेकिन भारत के बाहर जाकर भारत के लोकतंत्र को कटघरे में

खड़ा करते हैं। भारत के चुनाव प्रणाली पर प्रश्न चिन्ह खड़ा करते हैं। देश

से बाहर जाकर भारत को और उसके लोकतंत्र को कोसते हैं। भारत के अंदर हर

चुनाव की प्रक्रिया में बाधा पैदा करके एवं पर अपने अकर्मण्यता का दोष

थोपने का प्रयास करते हैं।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने

कहा कि संविधान अंगीकार करने के 2 वर्ष बाद ही कांग्रेस ने जम्मू कश्मीर

में धारा 370 लागू करके देश की अखंडता को चुनौती देने का प्रयास किया था।

यही नहीं उन्होंने कभी मीडिया पर प्रतिबंध लगाए तो कभी नेताओं पर व अन्य

तरीके से लोकतंत्र के सभी स्तंभों को कमजोर करने का प्रयास किया था। आज वह

लोकतंत्र की दुहाई देते हैं। जिन लोगों ने कांग्रेस के उसे अत्याचार के

खिलाफ आवाज उठाई, जेल गए और तमाम यातनाएं झेली, आज उन्हीं के लोग कांग्रेस

की गोद में बैठ गए हैं। कांग्रेस आज भी उसी प्रकार से कार्य कर रही है। जिन

राज्यों में कांग्रेस की सरकार चल रही है या फिर उनके सहयोगी बंगाल में

टीएमसी की सरकार हो, केरल और तमिलनाडु में सहयोगी दलों की सरकारें चल रही

हैं, उनकी कार्यपद्धति को देखकर यह कहा जा सकता है कि कांग्रेस का अब भी

वही बर्बर चेहरा सामने है। आज भी यह लोग जनता को गुमराह कर रहे हैं।

संविधान के नाम पर संसद की कार्यवाही को बाधित कर रहे हैं। वे लोग कभी अपने

गिरेबान में झांक कर देखें कि क्या वे सही मायने में संविधान का पालन किए

थे। देश की जनता कांग्रेस को कभी माफ नहीं करेगी। आपातकाल के 50 वर्ष पूर्ण

होने पर कांग्रेस को देश की जनता से माफी मांगनी चाहिए।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें