मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 3:21 · नई दिल्ली संस्करण

राज्यसभा स्थगित, कृषि मंत्री का विपक्ष पर निशाना- सदन में हो रही सड़क छाप राजनीति

राष्ट्रीय सागर डेस्क3 मिनट का पठन
राज्यसभा स्थगित, कृषि मंत्री का विपक्ष पर निशाना- सदन में हो रही सड़क छाप राजनीति

नई दिल्ली। राज्यसभा में शुक्रवार लगातार जबरदस्त नारेबाजी होती रही। विपक्षी सांसद अपनी सीटों से उठकर सभापति के आसन के समीप आ गए और नियम 267 के तहत चर्चा कराने की मांग पर अड़े रहे। सभापति ने विपक्ष की यह मांग अस्वीकार कर दी, जिसके बाद सदन में नारेबाजी और हंगामा और तेज हो गया। बढ़ते हंगामे के बीच सभापति सीपी राधाकृष्णन ने राज्यसभा की कार्यवाही सोमवार 3 अगस्त सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी।

इससे पहले राज्यसभा में बोलते हुए नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि हम लोगों ने नोटिस दिया है। सभापति ने पूछा कि उस नोटिस में क्या है? खड़गे ने कहा कि विपक्ष के सांसद नियम 267 के तहत दिए गए नोटिस के तहत चर्चा चाहते हैं। दरअसल कई विपक्षी सांसद कई दिनों से प्रदर्शनकारी छात्रों के खिलाफ पुलिस बल के इस्तेमाल पर इस नियम के तहत चर्चा करने की मांग कर रहे थे।

सभापति ने नियम 267 को अस्वीकार कर दिया।

उन्होंने कहा कि यह बात कई बार कही जा चुकी है। सभापति के मुताबिक पूर्व में भी नियम 267 के तहत चर्चा को अनुमति नहीं दी गई थी। इस पर विपक्ष ने हंगामा और नारेबाजी शुरू कर दी। इस हंगामे के बीच केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने विपक्ष पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि विपक्ष सदन में सड़क छाप राजनीति कर रहा है।

उन्होंने कहा, “मैं केंद्रीय मंत्री के रूप में सदन में उपस्थित हूं, लेकिन जिस तरह का व्यवहार किया जा रहा है, वह संसदीय परंपराओं के अनुरूप नहीं है। सदन में सड़क छाप राजनीति की जा रही है। लोकतंत्र की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं और सदन की गरिमा को तार-तार किया जा रहा है। विपक्ष केवल अराजकता फैलाना और हंगामा करना चाहता है। देश इन्हें देख रहा है और जनता इन्हें कभी माफ नहीं करेगी।

''

उन्होंने कहा कि आज सदन की कार्यवाही के दौरान जो व्यवहार किया जा रहा है, वह संसदीय परंपराओं और संविधान की भावना के अनुरूप नहीं है। जिस प्रकार सदन की गरिमा के साथ व्यवहार किया जा रहा है, उससे लोकतंत्र की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। संविधान का बार-बार अपमान किया जा रहा है। विपक्ष केवल राजनीति करना चाहता है, ये अराजकता फैलाना चाहते हैं और सदन में हंगामा करना चाहते हैं।

केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह ने कहा कि सरकार से किसी विषय पर सार्थक चर्चा या संवाद करने की इनकी कोई मंशा नहीं है। हम इसकी घोर निंदा करते हैं। हालांकि इस बीच सदन में विपक्षी संसद लगा तार नारेबाजी करते रहे। शोर व हंगामे के बीच कुछ देर शून्य की कारवाई चली। लेकिन, विपक्षी सदस्य अपने स्थानों से उठकर आगे आ गए और अपनी मांगों को लेकर नारेबाजी करते रहे। इस पर सभापति ने सदन की कार्यवाही सोमवार तक के लिए स्थगित कर दी।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें