मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 8:44 · नई दिल्ली संस्करण

राघव चड्ढा ने '10 मिनट डिलीवरी' का वीडियो पोस्ट कर कहा- खुद प्रेशर, रिस्क और चुनौतियों को देखा

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
राघव चड्ढा ने '10 मिनट डिलीवरी' का वीडियो पोस्ट कर कहा- खुद प्रेशर, रिस्क और चुनौतियों को देखा

नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने गिग वर्कर्स को बड़ी राहत देते हुए 10 मिनट डिलीवरी से समय की बाध्यता को हटाने की सलाह दी है। आम आदमी पार्टी (आप) के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने इसके लिए केंद्र सरकार का आभार भी जताया था। वहीं, उन्होंने फिर से सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर किया है।

सांसद राघव चड्ढा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर एक वीडियो पोस्ट किया है, जिसमें वे कुछ गिग वर्कर्स से बात कर रहे हैं और उनकी परेशानी समझ रहे हैं।

इसके साथ ही, वे रात को खुद गिग वर्कर बनकर लोगों के घर सामान डिलीवरी करते नजर आ रहे हैं।

वीडियो में उन्होंने कहा कि कंपनियों ने अपने कपड़े में ही लिख लिया है कि आप लोगों के पास सामान 10 मिनट में पहुंच जाएगा। मैंने एक दिन डिलीवरी पार्टनर के तौर पर बिताया और '10 मिनट डिलीवरी' के वादे से होने वाले प्रेशर, रिस्क और चुनौतियों को खुद देखा।

पोस्ट किए गए वीडियो में देखा जा सकता है कि चड्ढा ब्लिंकिट की यूनिफॉर्म पहनते हैं, पीठ पर डिलीवरी बैग टांगते हैं और एक दूसरे ब्लिंकिट राइडर के साथ स्कूटर पर निकल पड़ते हैं।

वीडियो में दोनों डिलीवरी करते नजर आते हैं, ये लोग सड़क पर रॉन्ग साइड चलते भी नजर आ रहे हैं, जिसमें हादसे का डर लगा हुआ है।

वीडियो के अंत में वह एक डिलीवरी पूरी करने के बाद सड़क पर चाय पीते हुए डिलीवरी एजेंट से बात कर उसकी परेशानी समझ रहे हैं।

बता दें कि करीब एक महीने पहले राघव चड्ढा ने गिग इकॉनमी से जुड़ी सच्चाई उजागर करते हुए एक पोस्ट किया था।

उन्होंने ब्लिंकिट के एक डिलीवरी एजेंट की कमाई का स्क्रीनशॉट शेयर किया था, जिसमें दिखाया गया था कि 28 डिलीवरी करने के बाद उस राइडर को सिर्फ 762.57 रुपए मिले।

उस स्क्रीनशॉट के मुताबिक, करीब 15 घंटे काम करने के बाद डिलीवरी एजेंट की प्रति घंटे की कमाई सिर्फ 52 रुपए थी। इसमें 690.57 रुपए ऑर्डर पेमेंट से, 72 रुपए इंसेंटिव से और बाकी कुछ भी नहीं।

इस पोस्ट ने सोशल मीडिया पर बहस छेड़ दी थी।

राघव चड्ढा ने तब लिखा था कि कम मजदूरी, भारी टारगेट, नौकरी की कोई सुरक्षा नहीं और सम्मान की कमी, यही आज के गिग वर्कर्स की हकीकत है। उन्होंने कहा था कि भारत डिजिटल इकॉनमी का निर्माण कम वेतन पाने वाले और ज्यादा काम करने वाले लोगों की पीठ पर नहीं कर सकता। उनके मुताबिक, गिग वर्कर्स के लिए उचित वेतन, इंसानी काम के घंटे और सामाजिक सुरक्षा बेहद जरूरी हैं।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें