वाराणसी में लोकसभा चुनाव का नामांकन इस बार कलेक्ट्रेट सभागार में होगा
जिले के बार्डर पर चौकसी,बाहर से आने जाने वालों पर रखी जा रही नजर
वाराणसी। लोकसभा चुनाव 2024 के लिए तारीखों का ऐलान होते ही लोगों
की निगाहें प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी पर टिक
गई हैं। वाराणसी से प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी लगातार तीसरी बार लोकसभा का
चुनाव लड़ेंगे। भाजपा ने अपने पहली ही सूची में प्रधानमंत्री मोदी को अपना
अधिकृत उम्मीदवार घोषित किया है। वहीं, समाजवादी पार्टी ने भी प्रदेश के
पूर्व मंत्री सुरेन्द्र पटेल को वाराणसी से उम्मीदवार घोषित किया था।
सुरेन्द्र पटेल ने चुनावी तैयारी भी शुरू कर दी थी। इसी दौरान कांग्रेस से
सपा का चुनावी गठबंधन हुआ तो ये सीट कांग्रेस के खाते में चली गई।
सपा
से तैयारी कर रहे सुरेन्द्र पटेल मन मसोस कर रह गए। फिलहाल कांग्रेस और
बसपा ने अपने पत्ते नहीं खोले हैं कि प्रधानमंत्री मोदी के मुकाबले में
किसको उतारना है। चुनावी विश्लेषकों का मानना है कि विरोधी दलों को भी पता
है कि चुनाव परिणाम क्या होगा। गौरतलब हो कि वाराणसी लोकसभा सीट पर 1 जून
को मतदान होगा। वाराणसी में मतदान के लिए 7 मई को अधिसूचना जारी होगी।
नामांकन की अंतिम तारीख 14 मई है। लोकसभा चुनाव का नामांकन इस बार
कलेक्ट्रेट सभागार में होगा। इससे पहले अपर जिलाधिकारी प्रशासन के कक्ष में
होता था। नामांकन पत्रों की जॉच 15 मई को होगी। नाम वापसी 17 मई तक
निर्धारित की गई है। मतगणना चार जून को होगी। जिलाधिकारी/जिला निर्वाचन
अधिकारी एस राजलिंगम के अनुसार पूरे जिले में आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन
पर लोक प्रतिनिधित्व 1951 की धारा 123 से 136 तथा भारतीय दंड संहिता की
धारा 171 तत्काल प्रभाव से प्रभावी हो गए हैं। इसमें जेल से लेकर जुर्माना
तक की कार्रवाई हो सकती है। आचार संहिता लागू होते ही सभी राजनीतिक
पार्टियों के होर्डिंग-पोस्टर को तीन दिन के अंदर हटाने के आदेश दिए गए
हैैं। इसके लिए कमिश्नरेट के 3 जोन के 30 थानों की पुलिस नगर निगम के साथ
एक्शन मोड में है। चुनाव में 24 उडऩ दस्ता, 24 स्थायी निगरानी, आठ एमसीसी
टीम भ्रमणशील है। आठ सहायक व्यय प्रेक्षक, 24 वीडियो निगरानी टीम, 24 लेखा
टीम, मीडिया प्रमाणन और अनुवीक्षण टीम चुनाव प्रकिया की निगरानी कर रही है।
वाराणसी जिले के बार्डर पर चौकसी बढ़ा दी गई है। बाहर से आने जाने वालों
पर नजर रखी जा रही है।
—अब सत्तारूढ़ दल के नेता शिलान्यास और उद्घाटन नही कर पाएंगे
लोकसभा
चुनाव में आचार संहिता लागू होते ही सत्तारूढ़ दल के नेता,विधायक,मंत्री
और महापौर विकास कार्यो की घोषणा,शिलान्यास और उद्घाटन का कार्य नही कर
पाएंगे। सरकारी कार्यालयों पर प्रचार सामग्री चस्पा करने,मंत्रियों के
राजकीय दौरों पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। चुनावी प्रचार सामग्री के
मुद्रण के लिए प्रकाशक की अनुमति का उल्लेख आवश्यक है। इसी तरह प्रचार
प्रसार के लिए वाहनों की अनुमति आरओ से लेना अनिवार्य कर दिया गया है।
चुनाव से संबंधित शिकायतों के लिए कंट्रोल रूम : 0542-2508705,
0542-2508702, 0542-2508703,टोल फ्री नंबर : 1950 नम्बर है।





