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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 5:47 · नई दिल्ली संस्करण

हिमाचल में मानसून का कहर, अब तक 1000 करोड़ का नुकसान; 15 लोगों की मौत

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
हिमाचल में मानसून का कहर, अब तक 1000 करोड़ का नुकसान; 15 लोगों की मौत

शिमला। हिमाचल प्रदेश में मानसून के दौरान लगातार हो रही भारी बारिश और प्राकृतिक आपदाओं से अब तक करीब 1000 करोड़ के नुकसान का प्रारंभिक अनुमान है। राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के विशेष सचिव पुष्पेंद्र राणा ने बताया कि इस मानसून सीजन में लगभग 15 लोगों की मौत हुई हैं। कांगड़ा और पांगी घाटी में जनहानि हुई है।

विशेष सचिव पुष्पेंद्र राणा ने समाचार एजेंसी आईएएनएस को बताया कि मानसून सीजन में अब तक 19 अचानक बाढ़ (फ्लैश फ्लड) और 4 बादल फटने की घटनाएं दर्ज की गई हैं। 9 से 10 भूस्खलन की घटनाएं हुई हैं।

उन्होंने बताया कि वर्तमान में 120 से अधिक सड़कें बंद हैं। 60 से अधिक पेयजल योजनाएं प्रभावित हुई हैं और कई स्थानों पर बिजली आपूर्ति भी बाधित हुई है।

उन्होंने कहा कि राज्य में अभी तक का नुकसान लगभग एक हजार करोड़ है। हम कोशिश कर रहे हैं कि पूरा रिकॉर्ड रखें।

पुष्पेंद्र राणा ने कहा कि हिमाचल में प्राकृतिक आपदाएं जैसी घटनाएं हो रही हैं। राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण इन घटनाओं पर लगातार नजर रख रहा है और तुरंत कार्रवाई की जा रही है।

पुष्पेंद्र राणा ने बताया कि मौसम विभाग की ओर से जारी सभी अलर्ट पर राज्य सरकार लगातार नजर रख रही है। मौसम संबंधी चेतावनियां तत्काल जिला प्रशासन और संबंधित अधिकारियों तक पहुंचाई जा रही हैं, ताकि समय रहते राहत और बचाव कार्य किए जा सकें।

उन्होंने प्रदेशवासियों और पर्यटकों से अपील की कि मानसून के दौरान जरूरी यात्रा से बचें। लोग ऐसी जगहों पर न जाएं, जब आपदा की घटनाएं हो सकती हैं। मौसम विभाग की भी सभी चेतावनी का ध्यान रखें।

साथ ही, विभाग की गाइडलाइन का भी पालन करें।

विशेष सचिव पुष्पेंद्र राणा ने बताया कि राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण और जिला प्रशासन की हेल्पलाइन सेवाएं 24 घंटे सक्रिय हैं। किसी भी आपदा की स्थिति में लोग तुरंत सहायता प्राप्त कर सकते हैं।

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