उपचुनाव में जीते विधायकों ने ली शपथ, विशाल प्रशांत का नहीं हुआ शपथ

पटना। बिहार विधानमंडल का शीतकालीन सत्र सोमवार से शुरू हुआ। विधानसभा अध्यक्ष नंदकिशोर यादव ने सदन की कार्यवाही शुरू होते ही सदस्यों से अनुरोध किया कि वाद-विवाद को बेहतर ढंग से करें। बिहार विधानसभा उपचुनाव में चार सीटों के आए परिणाम में विजेता रहे रामगढ़ से भाजपा के अशोक सिंह, इमामगंज से हम की दीपा मांझी और बेलागंज से जदयू की मनोरमा देवी को शपथ दिलाई गई। तरारी से निर्वाचित भाजपा के विशाल प्रशांत एक दिन बाद शपथ लेंगे।सत्र शुरू होने के पहले मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने विधानमंडल पहुंचकर विधानसभा अध्यक्ष नंदकिशोर यादव से मुलाकात की और उन्हें पुष्प गुच्छ भेंट किया। विधान परिषद के सभापति अवधेश नारायण सिंह से भी उनके कक्ष में जाकर मुलाकात की और पुष्प गुच्छ भेंट किया। सत्र के पहले दिन विधानमंडल आने पर जनता दल यूनाइटेड के कई नेताओं ने नीतीश कुमार का स्वागत किया। विजय चौधरी, अशोक चौधरी और श्रवण बिहार विधानसभा में मौजूद थे, जिन्होंने सीएम नीतीश का स्वागत किया।22697 करोड़ का सप्लीमेंट्री बजटशपथ समारोह के बाद सदन के पटल पर 22 हजार 697 करोड़ का द्वितीय पूरक बजट रखा गया। सेंट्रल स्कीम के तहत 1714.74 करोड़ और स्टेट का हिस्सा 3800.90 करोड़ दिया गया। स्कीम के लिए 5515.65 करोड़ और 400 करोड़ रुपये पटना मेट्रो के लिए दिए गए। 29 नवंबर तक चलने वाले शीतकालीन में कुल पांच बैठकें होंगी।विधानसभा के शीतकालीन सत्र में विपक्ष कई मुद्दों पर सरकार को घेरने की तैयार में हैं। राष्ट्रीय जनता दल (राजद) नेताओं ने सत्र शुरू होने से पहले ही कहा कि स्मार्ट मीटर का मुद्दा विधानसभा में उठाया जाएगा। इसके साथ भूमि सर्वे की वजह से भी किसानों को परेशानी हो रही है। ऐसे इन दोनों मुद्दों को विधानसभा के पटल पर रखा जाएगा। इसके अलावा विपक्षी विधायकों ने महिला उत्पीड़न और जीविका स्वयं सहायता समूहों के मेम्बर को कम पारिश्रमिक देने और माइक्रो फाइनेंस कंपनियों की ओर से महिलाओं के आर्थिक शोषण का मुद्दा भी उठाया जाएगा।





