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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 5:24 · नई दिल्ली संस्करण

लोस चुनाव : फैजाबाद में किसी ने नहीं लगाई हैट्रिक, लल्लू सिंह के पास मौका

राष्ट्रीय सागर डेस्क3 मिनट का पठन

लखनऊ,। फैजाबाद संसदीय सीट के चुनाव पर शुरू से ही देशभर के नजरें

टिकी रहती है। राम मंदिर आंदोलन के बाद तो फैजाबाद देश की हॉट सीटों में

शुमार हो गया। फैजाबाद संसदीय सीट से कांग्रेस, भाजपा, सपा, बसपा और सीपीआई

को प्रतिनिधित्व का अवसर दिया है। हालांकि इस सीट पर अब तक कोई जीत की

हैट्रिक नहीं लगा सका है। उल्लेखनीय है कि 2024 के आम चुनाव में भाजपा

उम्मीदवार वर्तमान सांसद लल्लू सिंह इस चुनाव में जीतते हैं तो जीत की उनकी

हैट्रिक बन जाएगी।

दो बार जीते कांग्रेस के रामकृष्ण सिन्हा

1967

और 1971 के आम चुनाव में इस सीट से कांग्रेस की टिकट पर रामकृष्ण सिन्हा

ने जीत दर्ज की। 1967 के चुनाव में सिन्हा ने जनसंघ प्रत्याशी राजेन्द्र

बहादुर सिंह को 10,852 मतों के अंतर से शिकस्त दी। पांचवीं लोकसभा के सन्

1971 में हुए चुनाव में दूसरी बार रामकृष्ण सिन्हा कांग्रेस की टिकट पर

चुनाव मैदान में उतरे और विजयी रहे। इस चुनाव में सिन्हा ने इंडियन नेशनल

कांग्रेस ऑर्गेनाइजेशन (एनसीओ) प्रत्याशी सुचेता कृपलानी का हराया था। 1977

के आम चुनाव में राष्ट्रीय लोकदल के प्रत्याशी अनन्त राम जायसवाल ने

कांग्रेस प्रत्याशी रामकृष्ण सिन्हा को 1 लाख 47 हजार 803 वोटों के अंतर से

परास्त किया। रामकृष्ण जीत की हैट्रिक बनाने से चूक गए।

भाजपा के विनय कटियार हैट्रिक से चूके

भाजपा

के फायर ब्रांड नेता विनय कटियार 1991 और 1996 के आम चुनाव में फैजाबाद से

निर्वाचित हुए। 1991 के चुनाव में कटियार ने भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी

(सीपीआई) के मित्रसेन यादव को 57,563 वोटों से हराया था। वहीं 1996 में

विनय कटियार ने दूसरी बार जीत दर्ज की। इस चुनाव में कटियार ने समाजवादी

पार्टी (सपा) प्रत्याशी मित्रसेन यादव को शिकस्त दी। जीत का अंतर 26,302

वोट का था। 1998 के चुनाव में सपा के मित्रसेन यादव के हाथों भाजपा

प्रत्याशी विनय कटियार को मात्र 7737 वोटों के अंतर से शिकस्त मिली। इस हार

के चलते विनय कटियार जीत की हैट्रिक लगाने का करिशमा नहीं कर पाए। बता

दें, 1999 के चुनाव में विनय कटियार इस सीट से तीसरी बार जीते थे।

मित्रसेन यादव अलग-अलग बार तीन बार जीते

अलग-अलग

सालों में मित्रसेन यादव इस सीट से तीन बार जीते। मित्रसेन यादव को पहली

जीत 1989 के आम चुनाव में मिली। तब वो सीपीआई की टिकट पर चुनावी अखाड़े में

उतरे थे। इसके बाद साल 1998 में मित्रसेन यादव सपा की टिकट पर सांसद

निर्वाचित हुए। 2004 में मित्रसेन यादव ने बसपा की टिकट पर यहां से जीत

दर्ज की। वहीं कांग्रेस प्रत्याशी निर्मल खत्री भी इस सीट से 1984 और 2009

में जीत हासिल कर चुके हैं।

दो बार जीते भाजपा के लल्लू सिंह

2014

का चुनाव भाजपा के लल्लू सिंह ने 2 लाख 82 हजार 775 वोटों के अंतर से सपा

के मित्रसेन यादव को हराकर जीता। 2019 में लल्लू सिंह भाजपा की टिकट पर

मैदान में उतरे और दूसरी बार इस सीट पर जीत का कमल खिलाने में सफल रहे।

भाजपा ने तीसरी बार लल्लू सिंह पर भरोसा जताया है और वो चुनाव मैदान में

ताल ठोक रहे हैं। फैजाबाद के मौजूदा सांसद लल्लू सिंह इस चुनाव में जीतते

हैं तो जीत की उनकी हैट्रिक लगाकर फैजाबाद ससंदीय सीट के इतिहास में अपना

नाम दर्ज करा लेंगे।

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