मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 5:20 · नई दिल्ली संस्करण

कोलकाता अग्निकांड में मरने वालों की संख्या बढ़कर 25 हुई

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
कोलकाता अग्निकांड में मरने वालों की संख्या बढ़कर 25 हुई

कोलकाता। कोलकाता के आनंदपुर में आग लगने की घटना में एक और व्यक्ति की मौत हो गई है, जिससे मरने वालों की कुल संख्या बढ़कर 25 पहुंच गई है। राज्य आपदा प्रबंधन विभाग के जानकार सूत्रों के अनुसार, कई लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं, जिससे दिन में मरने वालों की संख्या और बढ़ने की आशंका है।

26 जनवरी की सुबह आनंदपुर में एक गोदाम के अंदर आग लगी थी। उस समय अंदर सो रहे कई मजदूर चपेट में आए थे। राज्य अग्निशमन सेवा विभाग और फोरेंसिक टीम की प्रारंभिक रिपोर्ट में कहा गया कि आग 'वाओ मोमो' फैक्ट्री से नहीं, बल्कि पास के दुर्भाग्यपूर्ण पुष्पांजलि डेकोरेटर के गोदाम से लगी थी।

हालांकि घटना के बाद गिरफ्तार किए गए पुष्पांजलि गोदाम के मालिक गंगाधर दास ने दावा किया कि आग सबसे पहले मोमो फैक्ट्री से फैली थी।

राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने कोलकाता के आनंदपुर में आग लगने की घटना पर स्वत: संज्ञान लिया है और संबंधित जिला मजिस्ट्रेट को जल्द से जल्द कार्रवाई रिपोर्ट जमा करने का निर्देश दिया है। एनएचआरसी ने आनंदपुर में वाओ मोमो फैक्ट्री में गंभीर मानवाधिकार उल्लंघन के आरोप वाली शिकायत के बाद इस मामले में कार्रवाई की।

एनएचआरसी ने दक्षिण 24 परगना जिले के जिला मजिस्ट्रेट को भेजे एक नोटिस में कहा कि शिकायत में इस घटना के लिए उक्त कंपनी के मैनेजमेंट की आपराधिक लापरवाही के साथ-साथ राज्य अग्निशमन सेवाओं और श्रम विभागों, शहरी नियोजन अधिकारियों और स्थानीय प्रशासन की नियामक विफलताओं को जिम्मेदार ठहराया गया है।

बयान में एनएचआरसी ने फैक्ट्री अधिनियम और आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत प्रावधानों के गंभीर उल्लंघनों का भी जिक्र किया। बयान में कहा गया है, "शिकायत में लगाए गए आरोप पहली नजर में पीड़ितों के मानवाधिकारों का उल्लंघन प्रतीत होते हैं।"

वहीं, घटना को लेकर पश्चिम बंगाल विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष सुवेंदु अधिकारी भी आनंदपुर इलाके में एक विरोध रैली का आयोजन करेंगे। शुरू में पुलिस ने विरोध रैली करने की अनुमति देने से इनकार कर दिया था। हालांकि, बाद में उन्हें कलकत्ता हाईकोर्ट से इसके लिए अनुमति मिल गई, जिसने विरोध रैली आयोजित करने के लिए कुछ शर्तें भी लगाईं।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें