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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · शाम 5:56 · नई दिल्ली संस्करण

कमलनाथ ने सीएम शिवराज को लिखा पत्र, योजना की राशि कम करने के निर्णय को बताया बेटी विरोधी

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन

भोपाल। पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कन्या विवाह के लिए गरीब परिवारों को दी जाने वाली राशि 51 हजार से घटाकर 28 हजार रुपये करने के शिवराज सरकार के निर्णय को महिला एवं बेटी विरोधी बताया है। उन्होंने मुख्यमंत्री से मांग की है कि वे बेटी विरोधी इस निर्णय को वापस लें। कमलनाथ ने इस संबंध में शुक्रवार को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को पत्र लिखा है।

पूर्व मुख्यमंत्री ने अपने पत्र में कहा कि कन्या विवाह राशि कम करने का निर्णय इस बात को सिद्ध करता है कि मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चैहान बोलते कुछ हैं और करते कुछ हैं। उन्होंने कहा कि अपने हर भाषण में प्रदेश की महिला और बेटियों से बहन और भांजी का रिश्ता बताते हैं, दूसरी ओर उनके हितों के साथ कुठाराघात करते हैं। उन्होंने कहा कि समाज के सभी वर्गो को समान न्याय के लिए कांग्रेस सरकार कटिबद्ध थी। मेरी सरकार ने कन्या विवाह/निकाह योजना में देय राशि को 28000 रुपये से बढ़ाकर 51000 रुपये किया था। सरकार के इस निर्णय से कन्याओं के विवाह के लिए अतिरिक्त सहायता प्राप्त होने से परिवारों में खुशी थी।

कमलनाथ ने सरकार के फैसले पर दुख जताते हुए कहा कि मुझे यह जानकर दुख हुआ है कि नव दम्पत्तियों को अपना जीवन खुशहाल बनाने के लिए जो राशि सरकार द्वारा कन्याओं को प्रदान की जाती थी, उसे कम कर पुन: 28,000 रुपये किया जा रहा है। आपकी सरकार का यह निर्णय गऱीब परिवारों और विशेषकर महिलाओं के हितों पर कुठाराघात है। यह निर्णय कन्या और महिला वर्ग के प्रति आपकी कथनी और करनी के अंतर को भी प्रमाणित करता है।

उन्होंने कहा कि आज समाज का प्रत्येक परिवार कोरोना महामारी से उत्पन्न आर्थिक संकट से जूझ रहा है, ऐसे समय में सरकार का दायित्व है कि समाज के प्रत्येक वर्ग को राहत बढ़ाने के निर्णय लें, परन्तु खेद का विषय है कि सरकार द्वारा कन्याओं के विवाह में दी जाने वाली राशि को कम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश की बेटियों के हितों के संरक्षण के लिये मैं और मेरी पार्टी प्रतिबद्ध है और कन्याओं के सम्मान के लिए हम सरकार को मजबूर करेंगे कि वह उनके कल्याणार्थ लिये गये निर्णयों को कायम रखें।

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