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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 7:06 · नई दिल्ली संस्करण

जम्मू-कश्मीर : डीओडी टैरिफ पर ब्रेक, पुराने बिजली शुल्क पर ही बिल चुकाएंगे घरेलू उपभोक्ता

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
जम्मू-कश्मीर : डीओडी टैरिफ पर ब्रेक, पुराने बिजली शुल्क पर ही बिल चुकाएंगे घरेलू उपभोक्ता

श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर सरकार ने आम लोगों को बड़ी राहत देते हुए वर्ष 2025-26 के लिए बिजली दरों में किसी भी तरह की सामान्य बढ़ोतरी नहीं करने का फैसला किया है। साथ ही 'टैरिफ ऑफ द डे' (डीओडी) यानी समय-आधारित बिजली शुल्क व्यवस्था को भी फिलहाल लागू नहीं किया जाएगा।

मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से बताया गया है कि सरकार लगातार लोगों के कल्याण को प्राथमिकता दे रही है और बिजली को किफायती बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध है।

इस फैसले के तहत घरेलू उपभोक्ताओं से पुराने बिजली टैरिफ पर ही शुल्क वसूला जाएगा और डीओडी व्यवस्था के तहत प्रस्तावित 20 प्रतिशत अतिरिक्त सरचार्ज को मौजूदा वित्त वर्ष में रोक दिया गया है।

इससे पहले गुरुवार को नेशनल कॉन्फ्रेंस के स्टेट प्रवक्ता इमरान नबी डार ने घरेलू उपभोक्ताओं के लिए नए टाइम ऑफ डे (टीओडी) पावर टैरिफ को रोकने के फैसले का स्वागत किया, और कहा कि यह उमर अब्दुल्ला के नेतृत्व वाली सरकार की जनता की भलाई और जिम्मेदार शासन के प्रति अटूट प्रतिबद्धता को दिखाता है।

गौरतलब है कि कश्मीर और जम्मू पावर डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड (केपीडीसीएल) ने संयुक्त विद्युत नियामक आयोग (जेईआरसी) के समक्ष याचिका दायर कर सुबह और शाम के पीक आवर्स में 20 प्रतिशत सरचार्ज बढ़ाने की मांग की थी। प्रस्ताव के अनुसार, यह अतिरिक्त शुल्क सुबह 6 से 9 बजे और शाम 5 से रात 10 बजे तक लागू किया जाना था।

कृषि क्षेत्र को छोड़कर घरेलू उपभोक्ताओं, उद्योगों, सरकारी विभागों और सार्वजनिक उपयोगिताओं पर यह सरचार्ज लगाने का प्रस्ताव था।

हालांकि, जम्मू-कश्मीर सरकार के हस्तक्षेप के बाद घरेलू उपभोक्ताओं के लिए इस अतिरिक्त शुल्क को फिलहाल रोक दिया गया है। सरकार का कहना है कि वह आगे भी लोगों को सस्ती और सब्सिडी वाली बिजली उपलब्ध कराने के लिए जरूरी कदम उठाती रहेगी।

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