नौतपा में शहरवासियों की रात की नीदें उड़ा रही बिजली
कानपुर,। सूरज की आग उगलती लपटों से कानपुर में पारा 45 के पार बना
हुआ है और नौतपा होने से भीषण गर्मी शहरवासियों के सीधे हृदय में समा रही
है। ऐसे में बिजली भी दगा दे रही है और कई-कई घंटों बिजली गुल रहती है।
खासतौर पर रात में बिजली का हाल कब आई और कब चली गई जैसी है। इससे
शहरवासियों की रातों की नींदें उड़ी हुई है और लोग बिजली विभाग को कोस रहे
हैं।
उत्तर भारत सहित कानपुर में इन दिनों नौतपा का समय चल
रहा है जो एक जून तक चलेंगे। इससे भीषण गर्मी पड़ रही है और लोग बिलबिला
उठते हैं। ऐसे में बिजली ही एक सहारा बचता है जिससे लोगों को कुछ राहत मिल
सकती है, लेकिन वह भी दगा दे रही है। खासकर रात में तो बिजली का कोई ठिकाना
ही नहीं है जिससे लोग रतजगा करके पार कर रहे हैं। ऐसे में लोगों का गुस्सा
सातवें आसमान पर है, पर सबसे बड़ी समस्या भीषण गर्मी में फाल्टों की है।
इससे बिजली विभाग को नियमित बिजली लोगों को उपलब्ध कराना चाहता उसमें फाल्ट
बाधा बने हुए हैं। रात में जब लोड बढ़ता है तो इसमें और इजाफा हो जाता है,
जिससे लोग परेशान हो उठते हैं।
रावतपुर के सेवानिवृत्त अध्यापक
हरीराम कटियार का कहना है कि रात में पता ही नहीं चलता कि कब बिजली आई और
इतनी डिम रहती है कि कूलर व एसी चलाना संभव नहीं हो पाता। काकादेव के
रतिभान सिंह का कहना है कि बिजली रातभर आंख मिचौली का खेल खेलती है, जिससे
रात की नींद खराब हो जाती है। इसका असर अगले दिन काम में पड़ता है और दिन
में भी बिजली की कटौती जारी है। इसके बावजूद हो रहे फाल्टों में केस्को
कर्मचारियों की लापरवाही का भी लोगों को खामियाजा भुगतना पड़ रहा है।
केस्को
के तकनीकी निदेशक संजय श्रीवास्तव ने बुधवार को बताया कि अधिक तापमान होने
के चलते ट्रांसफार्मरों में दिक्कत आ रही है। इसके साथ ही फाल्ट कई गुना
अधिक बढ़ गए हैं, हालांकि विभाग के कर्मचारी फौरन फाल्टों को सही करते हैं।
विभाग की कोशिश है कि भीषण गर्मी में लोगों को सुचारु रुप से बिजली उपलब्ध
कराई जा सके, लेकिन अधिक तापमान कई प्रकार के तकनीकी दिक्कतें ला रहा है।





