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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 8:42 · नई दिल्ली संस्करण

अब पूर्व सैनिक बनेंगे सरकारी अध्यापक : शिक्षा मंत्री बोले - शहीदों की वीरांगनाओ को देंगे नौकरी, मुख्यमंत्री को भेजेंगे प्रस्ताव

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन

कोटा,। राजस्थान के शिक्षा विभाग ने नई पहल करते हुए पूर्व

सैनिकों को सरकारी अध्यापक बनाने की तैयारी की है। शिक्षा मंत्री मदन

दिलावर ने घोषणा की है कि पूर्व सैनिक बीएड के बराबर होंगे। जिन्हें मेरिट

और आरक्षण के आधार पर अध्यापक बनाया जाएगा। सैनिकों की आकस्मिक मौत होने और

शहीद होने पर वीरांगना या आश्रितों को अनुकम्पा में सरकारी नौकरी देंगे।

राजस्थान शिक्षा विभाग पहली बार इसकी पहल कर रहा है। इसका प्रस्ताव जल्द

तैयार कर शिक्षा विभाग मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को भेजेगा। यह घोषणा

शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने रामगंजमंडी में लोकसभा चुनाव भाजपा कार्यालय

के उद्घाटन समारोह के दौरान कही।

शिक्षा मंत्री दिलावर ने कहा कि

कुछ पूर्व सैनिकों ने शिक्षा विभाग में अध्यापक बनने के लिए आवेदन किया है।

लेकिन शिक्षा विभाग के अधिकारी मानने को तैयार नहीं है। उनका तर्क है कि

पूर्व सैनिकों की शिक्षा ट्रेनिंग शिक्षा विभाग से कम है। ऐसे में अध्यापक

नहीं बना सकते। ऐसे मे अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि पूर्व सैनिकों को

बी.एड डिग्री के बराबर मानना पड़ेगा। ऐसे मे अब पूर्व सैनिकों को मेरिट के

आधार पर और आरक्षण के आधार पर सरकारी अध्यापक बनाएंगे। शिक्षा मंत्री ने

कहा कि भारतीय सैनिकों की दुर्भाग्य से सामान्य मौत हो जाती है, या लड़ाई के

दौरान शहीद हो जाते है। लेकिन शहीद की वीरांगनाओं को अनुकम्पा नियुक्ति

देने के प्रावधान नहीं है। मैंने मेरे शिक्षा विभाग के अधिकारियों को

प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए है। पूरे हिंदुस्तान में राजस्थान

शिक्षा विभाग पहल करेगा कि शहीद की वीरांगना या आश्रित परिवार को राजस्थान

मे सरकारी नौकरी देंगे। ज़िसके प्रस्ताव तैयार हो रहे है, जो जल्द

मुख्यमंत्री के पास भेजे जायेंगे।

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