केजरीवाल सरकार की नालों-सफाई में विफलता से उबरी दिल्ली, रेखा गुप्ता सरकार के प्रयासों से जलभराव से मिली राहत: भाजपा अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा का हमला

केजरीवाल सरकार की नालों-सफाई में विफलता से उबरी दिल्ली, रेखा गुप्ता सरकार के प्रयासों से जलभराव से मिली राहत: भाजपा अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा का हमला
नई दिल्ली, 11 जुलाई 2025:
दिल्ली भाजपा अध्यक्ष वीरेन्द्र सचदेवा ने आज केजरीवाल सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि 2024 तक, विशेषकर अरविंद केजरीवाल के दस वर्षीय शासनकाल में दिल्ली की नालों, सीवर लाइनों और ड्रेनेज सिस्टम की पूरी तरह से अनदेखी की गई, जिससे हर मानसून में दिल्ली डूबने को मजबूर हो जाती थी।
सचदेवा ने कहा कि केजरीवाल सरकार की भ्रष्टाचारपूर्ण कार्यप्रणाली और प्रशासनिक लापरवाही के कारण, वर्ष 2024 में तो दिल्ली में नालों और सीवर की सफाई बिल्कुल नहीं हुई। परिणामस्वरूप, दिल्ली के अधिकांश इलाकों में हल्की बारिश के बाद भी दो से तीन दिन तक जलभराव बना रहता था, जिससे आम जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ और 50 से अधिक जानलेवा हादसे सामने आए।
उन्होंने कहा कि केजरीवाल सरकार ने केवल विज्ञापन और बयानबाजी में महारत हासिल की, ज़मीनी काम की कोई योजना नहीं थी। दिल्ली जलबोर्ड और लोक निर्माण विभाग पूरी तरह से निष्क्रिय और भ्रष्टाचार में डूबे रहे। यहां तक कि प्लांड कॉलोनियों तक में गंदगी और जलभराव का आलम था, जबकि अनधिकृत बस्तियों की स्थिति और भी भयावह थी।
इसके ठीक विपरीत, सचदेवा ने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता सरकार की तत्परता और प्रतिबद्धता की सराहना करते हुए कहा कि नए शासन ने दिल्ली की नालों और सीवरों की समय से सफाई करवाई, जिसके चलते इस मानसून में जलभराव की स्थिति पिछले वर्षों की तुलना में काफी बेहतर रही है। मिंटो ब्रिज, आईटीओ, और अन्य जलभराव-प्रभावित क्षेत्रों में पानी अब तेज़ी से निकल रहा है।
भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि रेखा गुप्ता सरकार ने जलभराव से लड़ने के लिए एक प्रभावशाली और व्यावहारिक योजना तैयार की है। उन्होंने स्वीकार किया कि इस वर्ष अब भी कुछ स्थानों पर समस्याएं रहीं, लेकिन यह पिछली सरकार की 11 वर्षों की लापरवाही और लूट का परिणाम है। उन्होंने आश्वासन दिया कि अगले मानसून तक दिल्ली में जलभराव की समस्या को जड़ से खत्म करने के ठोस प्रयास पूरे होंगे।
यह बयान न केवल केजरीवाल सरकार की विफलताओं की पोल खोलता है, बल्कि यह भी स्पष्ट करता है कि अब दिल्ली एक ज़िम्मेदार और जवाबदेह नेतृत्व के अधीन है, जो जनता की समस्याओं का स्थायी समाधान देने के लिए संकल्पबद्ध है।





