मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 4:49 · नई दिल्ली संस्करण

नौकरी और प्रशिक्षण के नाम पर साइबर ठगी करने वाले गिरोह का भंडाफोड़, 5 आरोपी गिरफ्तार

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
नौकरी और प्रशिक्षण के नाम पर साइबर ठगी करने वाले गिरोह का भंडाफोड़, 5 आरोपी गिरफ्तार

नोएडा। गौतमबुद्धनगर के साइबर क्राइम थाने की पुलिस ने नौकरी और प्रशिक्षण दिलाने के नाम पर लोगों से धोखाधड़ी करने वाले एक संगठित साइबर गिरोह का पर्दाफाश करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से बड़ी मात्रा में इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, सिम कार्ड, डेबिट कार्ड और फर्जी दस्तावेज बरामद किए हैं। यह कार्रवाई अभिसूचना संकलन और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के विश्लेषण के आधार पर की गई।

पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार किए गए आरोपी विभिन्न कंपनियों में नौकरी और प्रशिक्षण दिलाने का झांसा देकर लोगों को अपने जाल में फंसाते थे। इसके लिए वे अन्य कंपनियों का डेटा चोरी कर उसका दुरुपयोग करते थे और कॉल के माध्यम से लोगों से संपर्क कर उन्हें नौकरी दिलाने का भरोसा देकर आर्थिक धोखाधड़ी करते थे। पुलिस ने सेक्टर-63 नोएडा से पांचों आरोपियों को गिरफ्तार किया।

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान आदित्य चौहान (20 वर्ष) निवासी एटा, सुमित कुमार (19 वर्ष) निवासी दिल्ली, सूरज गुप्ता (23 वर्ष) निवासी कानपुर नगर, रिषभ (20 वर्ष) निवासी फिरोजाबाद तथा गौरव पाठक (23 वर्ष) निवासी सुल्तानपुर के रूप में हुई है। इनमें से दो आरोपी बीसीए, एक बीएससी, एक बीए तथा एक 12वीं तक शिक्षित है। पुलिस के अनुसार सभी आरोपी मिलकर साइबर ठगी के इस नेटवर्क को संचालित कर रहे थे।

छापेमारी के दौरान पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 9 मोबाइल फोन, एक लैपटॉप, 17 सिम कार्ड, 4 डेबिट कार्ड, 2 कंपनी मोहर, चेक बुक, पास बुक और बड़ी मात्रा में कॉलिंग डेटा बरामद किया।

प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपियों के खिलाफ देश के विभिन्न राज्यों में कुल पांच शिकायतें दर्ज हैं। इनमें उत्तर प्रदेश की एक, बिहार की एक और महाराष्ट्र की तीन शिकायतें शामिल हैं।

इस मामले में थाना साइबर क्राइम, गौतमबुद्ध नगर में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं तथा आईटी एक्ट की धारा 66सी और 66डी के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस अब आरोपियों के नेटवर्क, बैंक खातों और अन्य सहयोगियों की भी जांच कर रही है, ताकि इस साइबर ठगी गिरोह से जुड़े अन्य लोगों तक पहुंचा जा सके।

पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि नौकरी या प्रशिक्षण के नाम पर आने वाले अनजान कॉल, संदेश या ई-मेल पर बिना सत्यापन के भरोसा न करें। किसी भी कंपनी में भर्ती संबंधी जानकारी केवल उसकी आधिकारिक वेबसाइट या अधिकृत माध्यमों से ही प्राप्त करें।

नौकरी दिलाने के नाम पर किसी भी व्यक्ति या संस्था को बिना जांच-पड़ताल के पैसे न दें और अपनी व्यक्तिगत जानकारी, बैंक विवरण, ओटीपी, आधार या पैन कार्ड जैसी गोपनीय सूचनाएं किसी अज्ञात व्यक्ति के साथ साझा न करें।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें