आईएनडीआईए की सरकार बनी तो सीएए को लिया जाएगा वापसः चिदंबरम
नई
दिल्ली,। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी. चिदंबरम ने
रविवार को कहा कि आईएनडीआईए की सरकार बनी तो नागरिकता संशोधन अधिनियम
(सीएए) को वापस लिया जाएगा। कांग्रेस ने भले ही अपने घोषणापत्र में इसका
जिक्र नहीं किया लेकिन संसद से पहले सत्र में इसे वापिस लिया जाएगा।
कांग्रेस
के घोषणापत्र के जारी होने बाद कुछ मीडिया रिपोर्टों में दावा किया गया था
कि पार्टी ने आखिरी समय में इसे अपने घोषणा पत्र से हटाया है। कांग्रेस के
घोषणा पत्र में सीएए का उल्लेख नहीं होने से पार्टी वाम दलों के निशाने पर
है। केरल के मुख्यमंत्री पिनारई विजयन ने इसको लेकर पार्टी की आलोचना की
थी।
चिदंबरम ने तिरुवनंतपुरम में पत्रकारों से कहा कि पार्टी कई
कानूनों को वापिस लेगी। वे घोषणापत्र समिति के अध्यक्ष रहे हैं। घोषणापत्र
में भले ही इसका उल्लेख नहीं किया गया लेकिन इसे वापिस लिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि पार्टी ने इसका विरोध में संसद में भी किया था।
तिरुवनंतपुरम से सांसद शशि थरूर ने इसके खिलाफ संसद में पार्टी की ओर से
पक्ष रखा था।
चिदंबरम ने कहा कि गठबंधन सरकार बनने पर एक विशेष
कानून लाया जाएगा। इसके तहत 'जमानत नियम, जेल अपवाद होगा। केरल के महान
सपूत जस्टिस कृष्णा के शब्दों में जमानत नियम है, जेल अपवाद है। निचली
न्यायपालिका, मजिस्ट्रेट और जिला न्यायाधीशों में इस नियम का शायद ही कभी
पालन किया जाता है। हर कोई जमानत पाने के लिए सुप्रीम कोर्ट नहीं जा सकता
है। उन्होंने कहा कि हम सीएए, कृषक उत्पादन, व्यापार और वाणिज्य संवर्धन
सुविधा अधिनियम 2020, भारतीय न्याय (द्वितीय) संहिता, भारतीय नागरिक
सुरक्षा संहिता और भारतीय साक्ष्य (द्वितीय) अधिनियम को निरस्त कर दिया
जाएगा।





