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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 2:04 · नई दिल्ली संस्करण

जादवपुर में मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के जुलूस पर भाजपा विधायक सरबरी मुखर्जी का बड़ा बयान

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
जादवपुर में मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के जुलूस पर भाजपा विधायक सरबरी मुखर्जी का बड़ा बयान

कोलकाता। पश्चिम बंगाल में मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के जादवपुर विश्वविद्यालय के निकट से गुजरने वाले जुलूस को लेकर भाजपा विधायक सरबरी मुखर्जी ने बुधवार रात को पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि यह बेहद महत्वपूर्ण है, क्योंकि इस बार भाजपा ने जादवपुर में जीत हासिल की है। उन्होंने कहा कि जादवपुर ने राष्ट्रवाद का समर्थन किया है। उन्होंने दावा किया कि भाजपा ने चुनाव में एक लाख छह हज़ार 992 मतों से जीत दर्ज की।

सरबरी मुखर्जी ने जादवपुर विश्वविद्यालय की स्थिति पर सवाल उठाते हुए कहा कि वहां अब भी विभिन्न वामपंथी छात्र संगठन सक्रिय हैं। उन्होंने इन संगठनों को प्रधानमंत्री की ओर से इस्तेमाल किए गए ‘दिमागी नक्सल’ शब्द से जोड़ते हुए कहा कि विश्वविद्यालयों में छात्रों की एक विशेष तरीके से भर्ती की जाती है।

भाजपा विधायक ने आरोप लगाया कि ऐसे संगठनों की ओर से विशेष रूप से कुछ छात्रों को निशाना बनाया जाता है। उन्हें संगठन के झंडे उठाने, उनके विचारों को दोहराने तथा देश विरोधी नारे लगाने के लिए दबाव बनाया जाता है। उन्होंने कहा कि छात्रों के इस तरह वैचारिक रूप से प्रभावित किए जाने की प्रक्रिया को ही ‘दिमागी नक्सलवाद’ कहा जा सकता है।

उन्होंने कहा कि युवा छात्र अपने घर और परिवार से दूर रहकर सुबह 10 बजे से रात 10 बजे तक परिसर में रहते हैं। उन्होंने सवाल किया कि एक कॉलेज छात्र सुबह 10 बजे से रात 10 बजे तक परिसर में क्या करता है। उन्होंने कहा कि जब इस तरह के मुद्दों पर सवाल उठाया जाता है तो सवाल उठाने वालों को गलत या सांप्रदायिक करार दिया जाता है।

सरबरी मुखर्जी ने विश्वविद्यालयों की दीवारों पर कथित तौर पर देश विरोधी नारे लिखे जाने को लेकर भी सवाल उठाया और कहा कि इस तरह की गतिविधियों पर चर्चा और सवाल होना जरूरी है। उन्होंने दावा किया कि जादवपुर विश्वविद्यालय में इस तरह की स्थिति पिछले लगभग 50 वर्षों से बनी हुई है।

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