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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 2:35 · नई दिल्ली संस्करण

बीरभूम जिला परिषद सभाधिपति काजल शेख का इस्तीफा, निजी कारणों का हवाला

राष्ट्रीय सागर डेस्क1 मिनट का पठन
बीरभूम जिला परिषद सभाधिपति काजल शेख का इस्तीफा, निजी कारणों का हवाला

बीरभूम। बीरभूम जिला परिषद की राजनीति में गुरुवार को बड़ा बदलाव सामने आया। जिला परिषद के सभाधिपति और हसन के तृणमूल कांग्रेस विधायक काजल शेख ने निजी कारणों का हवाला देते हुए सभाधिपति पद से इस्तीफा दे दिया। उनके खिलाफ जिला परिषद के 19 तृणमूल सदस्यों ने अविश्वास प्रस्ताव पेश किया था। शुक्रवार को प्रस्ताव पर बैठक और संभावित मतदान से पहले ही काजल शेख के इस्तीफे से राजनीतिक हलचल तेज हो गई।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, काजल शेख ने 19 अगस्त को अपना इस्तीफा सौंपा था। गुरुवार सुबह उन्हें इस्तीफे के कारण स्पष्ट करने के लिए संबंधित प्राधिकारी के समक्ष उपस्थित होना पड़ा। उन्होंने कहा कि उन्होंने व्यक्तिगत कारणों से स्वेच्छा से पद छोड़ा है और उन पर किसी तरह का दबाव नहीं था। इसके बाद उनका इस्तीफा स्वीकार कर लिया गया।

बीरभूम जिला परिषद में कुल 52 सदस्य हैं। काजल शेख के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने वाले 19 सदस्यों को तृणमूल कांग्रेस के भीतर पूर्व जिलाध्यक्ष अनुब्रत मंडल के करीबी खेमे से जुड़ा बताया जा रहा है। ऐसे में काजल शेख का इस्तीफा बीरभूम में तृणमूल कांग्रेस के अंदर चल रहे विवाद और शक्ति संतुलन के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

अविश्वास प्रस्ताव से पहले सभाधिपति पद से इस्तीफा दिए जाने के बाद अब जिला परिषद के नए सभाधिपति को लेकर राजनीतिक चर्चाएं शुरू हो गई हैं।

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