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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 7:38 · नई दिल्ली संस्करण

बीएचयू के प्रो. रवीन्द्र नाथ सिंह फ़ेलोशिप से सम्मानित, अनुसंधान करेंगे

राष्ट्रीय सागर डेस्क1 मिनट का पठन

वाराणसी,। काशी हिन्दू विश्वविद्यालय(बीएचयू) के प्राचीन भारतीय

इतिहास, संस्कृति एवं पुरातत्व विभाग के पूर्व आचार्य, प्रो. रवीन्द्र नाथ

सिंह को भारतीय उच्च अध्ययन संस्थान, शिमला की फेलोशिप से सम्मानित किया

गया है। यह फेलोशिप प्रो. सिंह को दो वर्ष की अवधि के लिए प्रदान की गयी

है। इस अवधि में वह उत्तर-पश्चिम भारत की हड़प्पन पुराधात्विकी के ऐतिहासिक

परिप्रेक्ष्य पर अनुसन्धान करेंगे।

वर्तमान में प्रो. सिंह

ऑक्सफ़ोर्ड विश्वविद्यालय के मैग्डलेन कॉलेज में ट्रिनिटी टर्म-2024 के

अंतर्गत विजिटिंग फेलो के रूप में सैन्धव सभ्यता के पर्यावरणीय पुरातत्त्व

पर अपना अनुसन्धान कर रहे हैं। वह भारतीय उच्च अध्ययन संस्थान, शिमला में

अपने ट्रिनिटी टर्म-2024 के कार्यकाल को पूरा करने के पश्चात अपना

अनुसन्धान शुरू करेंगे। ऑक्सफोर्ड में सम्बद्ध होने से पूर्व वह सत्र

2023-2024 में कैंब्रिज विश्वविद्यालय के पुरातत्त्व विभाग से स्मुट्स

कामनवेल्थ फेलो के रूप में जुड़े हुए थे। जहां पर उनके द्वारा किये कार्यों

का योगदान पर्यावरणीय पुरातत्त्व के क्षेत्र में बहुत ही महत्वपूर्ण हैं,

विशेषकर प्राचीन सभ्यताओं में पर्यावरणीय कारकों का क्या प्रभाव हुआ,

उल्लेखनीय है।

प्रोफेसर सिंह विगत चार दशकों से हड़प्पन

पुरातत्त्व, गंगा घाटी के पुरातात्त्विक स्थलों तथा साथ ही साथ पुरातत्त्व

विज्ञान में भी लंबे समय से शोधरत हैं। प्रोफेसर सिंह के शोध पत्र देश

विदेश के प्रतिष्ठित पत्रिकाओं में प्रकाशित हुए हैं। वह देश के विभिन्न

क्षेत्रों में पुरातात्त्विक उत्खनन तथा सर्वेक्षण कार्यों से जुड़े रहे

हैं।

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