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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 3:18 · नई दिल्ली संस्करण

मेरठ से प्रत्याशी अतुल प्रधान बयान से पलटे, कहा-सपा अध्यक्ष के फैसले का स्वागत

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन

लखनऊ,। टिकट को लेकर समाजवादी पार्टी में घमासान मचने का

सिलसिला नहीं थम रहा है। रामपुर, मुरादाबाद के बाद मेरठ लोकसभा सीट पर भी

रस्साकशी का दौर जारी है। ऐसे में प्रत्याशी बनाए गए अतुल प्रधान ने बुधवार

को नामांकन के बाद टिकट कटने की चर्चा पर अपनी विधायकी से इस्तीफा देने का

बयान दे डाला। गुरुवार को अतुल प्रधान अपने इस बयान से पलट गए और नया बयान

जारी कर कहा कि जैसा समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव

कहेंगे, उनके फैसले का वो स्वागत करेंगे।

उल्लेखनीय है कि

बुधवार रात से अतुल प्रधान इस्तीफे की रट लगाए थे। उनका कहना था कि अगर

लोकसभा का मेरठ का टिकट कटा तो वो विधायकी से भी इस्तीफा दे देंगे। लेकिन

लखनऊ में पार्टी नेतृत्व ने जैसे ही उन्हें कसा, अतुल प्रधान का सोशल

मीडिया पर ये बयान जारी हो गया।

गौरतलब है कि सपा ने अतुल प्रधान का

मेरठ से लोकसभा का टिकट काट दिया। उनकी जगह पर नामांकन के अंतिम दिन से

ठीक कुछ घंटों पहले बुधवार की रात सुनीता वर्मा को टिकट दे दिया है। सुनीता

वर्मा कई मामलों में वांछित योगेश वर्मा की पत्नी है। अब सपा की मुश्किलें

बढ़ती नजर आ रही है। क्योंकि मुरादाबाद में डॉ एसटी हसन और रुचि वीरा में

कुछ सही नहीं चल रहा है। एसटी हसन का टिकट काटकर रुचि वीरा को टिकट दिया

गया था, इसके बाद से एसटी हसन के समर्थक इसका विरोध कर रहे हैं। वहीं

राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव का एक पत्र भी वायरल हुआ था जिसमें उन्होंने

रुचि वीरा का टिकट काटते हुए एसटी हसन को दिया था लेकिन वक्त पर पत्र न

मिलने से रुचि वीरा को इसका लाभ मिल गया था।

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