आतिशी का बीजेपी पर तीखा हमला: “दिल्ली में बिजली-पानी संकट, प्राइवेट स्कूलों की मनमानी और 10 साल पुरानी गाड़ियों पर बैन से गरीबों का रोजगार खतरे में

आतिशी का बीजेपी पर तीखा हमला: “दिल्ली में बिजली-पानी संकट, प्राइवेट स्कूलों की मनमानी और 10 साल पुरानी गाड़ियों पर बैन से गरीबों का रोजगार खतरे में
नई दिल्ली।
आम आदमी पार्टी की नेता और दिल्ली विधानसभा में नेता विपक्ष आतिशी ने सोमवार को एक प्रेस वार्ता के माध्यम से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर तीखा हमला बोला। उन्होंने दिल्ली में बिजली कटौती, पानी की किल्लत, प्राइवेट स्कूलों की बढ़ती फीस और पुराने वाहनों पर लगे प्रतिबंध को लेकर भाजपा शासित दिल्ली सरकार की तीव्र आलोचना की। आतिशी ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार की नीतियां न केवल आम जनता के खिलाफ हैं, बल्कि ये लाखों गरीब और मध्यमवर्गीय परिवारों की आजीविका को भी सीधा नुकसान पहुँचा रही हैं।
आतिशी ने कहा, “दिल्ली में इन दिनों लंबे-लंबे पॉवर कट हो रहे हैं, जिससे आम लोग परेशान हैं। पानी की आपूर्ति भी चरमराई हुई है। वहीं, प्राइवेट स्कूलों की फीस नियंत्रण से बाहर है और शिक्षा का अधिकार अब सिर्फ अमीरों तक सीमित होता जा रहा है।” उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि सरकार जनहित के मुद्दों को दरकिनार कर कॉर्पोरेट कंपनियों के हितों की रक्षा कर रही है।
सबसे गंभीर चिंता का विषय उन्होंने 10 साल पुरानी डीजल और पेट्रोल गाड़ियों पर लगे प्रतिबंध को बताया। आतिशी ने कहा कि यह फैसला बिना वैकल्पिक व्यवस्था के लागू किया गया, जिससे लाखों गरीब ऑटो ड्राइवर, टैक्सी मालिक, डिलीवरी कर्मचारी और छोटे व्यवसायियों की रोजी-रोटी पर संकट आ गया है। “भाजपा ने कार कंपनियों को तो राहत दी, लेकिन गरीब जनता की परेशानी नहीं देखी,” उन्होंने कहा।
उन्होंने दिल्ली सरकार से मांग की कि पुराने वाहनों को लेकर एक व्यावहारिक और जनकल्याणकारी नीति जल्द लाई जाए, जिससे प्रभावित लोगों को राहत मिल सके। आतिशी ने यह स्पष्ट किया कि आप पार्टी जनता की आवाज उठाती रहेगी और भाजपा के जनविरोधी निर्णयों का विरोध करती रहेगी।
आम आदमी पार्टी ने संकेत दिया कि वह आने वाले दिनों में इन मुद्दों को लेकर जनता के बीच जाएगी और भाजपा सरकार को कटघरे में खड़ा करेगी। जनता से जुड़े इन ज्वलंत मुद्दों पर भाजपा को अब जवाब देना होगा कि क्या उसका विकास मॉडल केवल अमीरों के लिए है या फिर देश के मेहनतकश और संघर्षशील नागरिकों के लिए भी कुछ सोचती है।





