एक किसान गांव के लोगों का बुझा रहा प्यासपानी की पेयजल योजनाओं में बह गए करोड़ों रुपये

हमीरपुर, । हमीरपुर जिले में ग्रामीण पेयजल योजनाएं रामभरोसे चल रही
है। हालत यह है कि कई करोड़ रुपये की खुराक पीने के बाद भी ये पेयजल योजनाएं
ग्रामीणों के लिए तमाशा बन गई है। आधा दर्जन से अधिक गांवों के लिए तीन
दशक पहले बनाई गई एक ग्रामीण पेयजल योजना का संचालन ठप हो जाने से पूरे
गांव में पानी के लिए हाहाकार मचा हुआ है।
गांव के ही एक
किसान ने पूरे गांव के लोगों को पीने का पानी मुहैया कराने के लिए पानी के
टैंकर का इंतजाम किया है। टैंकर आते ही गांव के लोगों की भीड़ पानी भरने के
लिए उमड़ पड़ती है।
जलसंस्थान के अधिशाषी अभियंता राहुल सिंह
ने बताया कि जलनिगम ने पहाड़ी भिटारी ग्राम समूह पेयजल योजना का निर्माण
कराया था। यह पेयजल योजना बाद में जलसंस्थान को संचालन कराने केलिए दी गई
थी। बताया कि 2017 से ग्रामीण पेयजल योजनाओं के रखरखाव के लिए कोई भी बजट
नहीं मिल रहा है। अब ग्रामीण पेयजल योजनाएं जल जीवन मिशन में शामिल कर दी
गई है।
तीस साल पहले पूर्व मंत्री ने दी थी ग्रामीण पेयजल योजना को मंजूरी
पिछले
तीस साल पहले बादशाह सिंह विधायक थे तब उन्होंने मुस्करा क्षेत्र के अलरा
गौरा, पहाड़ी भिटारी, गहरौली समेत तमाम गांवों के लिए ग्राम समूह पेयजल
योजना को जिला योजना से मंजूरी कराई थी। जलनिगम ने उस समय इस पेयजल योजना
को तीन किमी दूर अलरा गौरा गांव में स्थापित कराया था। इस पेयजल योजना से
आधा दर्जन से अधिक गांवों को शामिल किया गया। गांवों तक पाइपलाइनें भी डाली
गई थी। पेयजल योजना में भी भारी बजट भी खर्च हो गया था, फिर भी चयनित
गांवों को पीने का पानी नहीं मिल सका। कई किमी लम्बी पाइपलाइनें भी फट गई
थी।
एक किसान टैंकर के जरिए गांव के लोगों का बुझा रहा प्यास
पहाड़ी
भिटारी गांव के रवीन्द्र कुशवाहा, विमल कुशवाहा, रामदयाल राजपूत, राजेश
सविता समेत तमाम लोगों ने बताया कि गांव के लोगों को इस पेयजल योजना से
पीने का पानी नहीं मिल रहा है। अब गांव के अवधेश राजपूत ने अपने टैंकर से
गांव केहर मुहल्ले में पीने का पानी लोगों को मुहैया करा रहे है। बताया कि
सुबह से शाम तक पूरे गांव के लोगों की प्यास बुझाने को पानी का टैंकर गली
कूचों में भेजा जा रहा है। लोग बड़े ही उत्साह से पानी भरते हैं। जलसंस्थान
के अधिशाषी अभियंता राहुल सिंह ने बताया कि अब जल जीवन मिशन में ये पेयजल
योजना सम्मिलित हो गई है।





