मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 7:54 · नई दिल्ली संस्करण

रूसी शहर रोस्तोव व सेना मुख्यालय पर बागियों का कब्जा,

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
रूसी शहर रोस्तोव व सेना मुख्यालय पर बागियों का कब्जा,

मॉस्को। यूक्रेन के साथ युद्ध में उलझे रूस की मुसीबतें अचानक दोहरी हो गयी हैं। रूसी शहर रोस्तोव व रूसी सेना के मुख्यालय रोस्तोव-ऑन-डॉन पर बागियों ने कब्जा कर लिया है। रूसी राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन ने इसे विश्वासघात करार दिया है।रूस के राष्ट्रपति को रूसी सैन्य समूह वैगनर ग्रुप का लगातार साथ मिल रहा था। अब बदले हालात में वैगनर समूह का मुखिया येवगेनी प्रगोझिन खुल कर रूसी नेतृत्व पर सवाल उठा रहा है बल्कि बगावत का एलान भी कर दिया। प्रिगोझिन ने देश के नेतृत्व को खत्म करने की धमकी दी है।वैगनर ग्रुप के लड़ाके राजधानी मॉस्को की तरफ बढ़ रहे हैं। प्रिगोझिन के लड़ाकों ने रूसी शहर रोस्तोव के साथ रूसी सेना के मुख्यालय रोस्तोव-ऑन-डॉन पर कब्जा कर लिया है। कई अन्य शहरों के सैन्य ठिकानों पर भी कब्जे की बात कही गयी है। वहीं, रूसी रक्षा मंत्रालय ने भी तुरंत प्रतिक्रिया दी है और प्रगोझिन के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी कर दिया है।इस बीच रूस के राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन ने राष्ट्र को संबोधित करते हुए कहा कि प्रगोझिन की अगुवाई में हुई बगावत रूस और रूस के लोगों के लिए एक झटका है। उन्होंने कहा कि वैगनर ने बुरे वक्त में रूस के साथ विश्वासघात किया। रूस अपने भविष्य के लिए पूरी ताकत से लड़ रहा है। हमारा जवाब और कठोर होगा। हमारी पितृभूमि को ऐसे खतरे से बचाने के लिए हमें कठिन काम करने होंगे। जो लोग ऐसा कर रहे हैं, वे सजा भुगतेंगे। वे कानून के सामने और हमारे लोगों के सामने जवाब देंगे। उन्होंने कहा कि यह एक आपराधिक अभियान है, जो कि सशस्त्र विद्रोह के समान है। रूस अपनी रक्षा करेगा और इस कदम का प्रतिकार करेगा। हम अपने नागरिकों के जीवन और सुरक्षा के लिए लड़ रहे हैं।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें