1967 और 1969 के मध्यावधि चुनाव में विश्वनाथ मोदी जीते, तीन बार कोडरमा के विधायक बने

कोडरमा। स्वतंत्रता सेनानी रहे विश्वनाथ मोदी कोडरमा से तीन बार विधायक रहे। वर्ष 1957 और 1962 में लगातार दो बार चुनाव हारने के बाद 1967 में हुए विधानसभा चुनाव में विश्वनाथ मोदी ने पहली बार जीत हासिल की। उस समय उन्होंने सोशलिस्ट पार्टी से चुनाव लड़कर 23,408 मत पाकर चुनाव जीता था।उन्हें कुल मतों का 54.5 प्रतिशत मत हासिल हुआ था, वहीं कांग्रेस से चुनाव लड़े अवध बिहारी दीक्षित को मात्र 7475 मत ही प्राप्त हुआ था। इसके अलावे निर्दलीय प्रत्याशी जीपी त्रिपाठी को 4658, बीजेएस से एस यादव को 4222 और पीएसएस से ननकू राणा को 3128 वोट मिले थे।मतदाताओं की बात करें तो वर्ष 1967 में कोडरमा विधानसभा क्षेत्र में कुल मतदाताओं की संख्या 80,640 थी, जिसमे 45,899 मतदाताओं ने अपने मतों का प्रयोग किया था।वहीं वर्ष 1969 में जब मध्यावधि चुनाव हुआ तो पुनः विश्वनाथ मोदी ने सोशलिस्ट पार्टी से चुनाव लड़े और 18,165 मत लाकर जीत हासिल की, जबकि इस चुनाव में दूसरे स्थान पर रहे कांग्रेस के सुरेंद्र नाथ शर्मा को 11,690 मत मिला, भारतीय जनसंघ के सुखदेव यादव को 10,290 मत मिला था। उस समय कोडरमा में मतदाताओं की संख्या बढ़कर 86,796 हो गयी थी, जिसमे से 46,593 मतदाताओं ने वोट डाले थे।-वर्ष 1967 में प्राप्त मत -विश्वनाथ मोदी, एसएसपी 23,408एबी दीक्षित, कांग्रेस 7475जीपी त्रिपाठी, निर्दलीय 4648एस यादव, बीजेएस 4222ननकू राणा, पीएसपी 3128-वर्ष 1969 में प्राप्त मत -विश्वनाथ मोदी, एसएसपी 18,165सुरेंद्र नाथ शर्मा, कांग्रेस 11,690सुखदेव यादव, जनसंघ 10209रामजन अली शाह, जेएपी 2358सीताराम साव, बीकेडी 965बलवंत नाथ सिंह, एसएचडी 503गया प्रसाद, निर्दलीय 385मंगली राम, निर्दलीय 373





