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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 2:36 · नई दिल्ली संस्करण

ईरान पर सख्त हुआ अमेरिका, तेल लाइसेंस भी किया रद्द

राष्ट्रीय सागर डेस्क3 मिनट का पठन
ईरान पर सख्त हुआ अमेरिका, तेल लाइसेंस भी किया रद्द

वॉशिंगटन। संयुक्त राज्य अमेरिका ने मंगलवार को 80 से अधिक ईरानी सैन्य ठिकानों पर सेंटकॉम के नए हवाई हमले शुरू किए। साथ ही, उसने अमेरिकी ट्रेजरी का वह महत्वपूर्ण लाइसेंस भी रद्द कर दिया, जिसके तहत तेहरान को तेल बेचने की अनुमति थी। यह कदम उस घटना के बाद दबाव बढ़ाने के उद्देश्य से उठाया गया है, जिसमें आरोप है कि ईरान ने होर्मुज़ जलडमरूमध्य में तीन वाणिज्यिक जहाज़ों पर हमला किया।

पिछले महीने तेहरान के साथ हुए युद्धविराम के बाद यह वाशिंगटन की ओर से अब तक की सबसे कड़ी सैन्य कार्रवाई मानी जा रही है। अमेरिकी सेना ने ईरान की वायु रक्षा प्रणालियों, कमांड एवं कंट्रोल नेटवर्क, तटीय रडार ठिकानों, जहाज-रोधी मिसाइल क्षमताओं तथा रणनीतिक जलमार्ग के आसपास संचालित इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) की 60 से अधिक छोटी नौकाओं को निशाना बनाया।

सेंटकॉम ने कहा कि यह अभियान "होर्मुज़ जलडमरूमध्य से गुजर रहे वाणिज्यिक जहाजों पर ईरान के ताज़ा हमलों के तत्काल जवाब" के रूप में चलाया गया।

कमांड के अनुसार, इन हमलों का उद्देश्य ईरान की उस क्षमता को कमजोर करना था, जिसके जरिए वह दुनिया के सबसे व्यस्त समुद्री व्यापार मार्गों में से एक से गुजरने वाले अंतरराष्ट्रीय व्यापारिक जहाजों पर हमले जारी रख सकता है।

पेंटागन के मुताबिक, ईरान ने हाल ही में जलडमरूमध्य से गुजर रहे तीन वाणिज्यिक जहाजों पर हमला किया था। इनमें मार्शल द्वीप के ध्वज वाला एम/टी अल रेकय्यात सऊदी अरब के ध्वज वाला एम/टी वेदयान और लाइबेरिया के ध्वज वाला एम/टी साइप्रस प्रॉस्पेरिटी शामिल हैं।

सेंटकॉम ने कहा, "ईरानी बलों द्वारा की गई यह अनुचित आक्रामकता युद्धविराम का स्पष्ट और गंभीर उल्लंघन है तथा समुद्री नौवहन की स्वतंत्रता को कमजोर करती है।"

अमेरिकी सेना ने यह चेतावनी भी दी कि यदि तेहरान समझौते का उल्लंघन जारी रखता है, तो आगे भी कार्रवाई की जा सकती है।

सेंटकॉम ने कहा, "समझौते का पालन नहीं किए जाने या उसका उल्लंघन होने की स्थिति में ईरान को जवाबदेह ठहराने के लिए हमारी सेनाएं पूरी तरह तैयार और तैनात हैं।"

हवाई हमलों की घोषणा से कुछ घंटे पहले अमेरिकी वित्त विभाग (ट्रेजरी) ने 21 जून को जारी जनरल लाइसेंस एक्स को रद्द कर उसकी जगह जनरल लाइसेंस एक्स-1 लागू कर दिया।

इस फैसले के साथ ही युद्धविराम व्यवस्था के तहत ईरानी कच्चे तेल, पेट्रोलियम उत्पादों और पेट्रोकेमिकल उत्पादों के उत्पादन, आपूर्ति और बिक्री की अस्थायी अनुमति तत्काल समाप्त कर दी गई।

नया लाइसेंस पहले से अधिकृत लेनदेन को समाप्त करने के लिए 17 जुलाई तक की सीमित अवधि प्रदान करता है।

साथ ही, इसमें 7 जुलाई के बाद ईरानी कच्चे तेल, पेट्रोलियम या पेट्रोकेमिकल उत्पादों की किसी भी नई खरीद या लोडिंग पर स्पष्ट रूप से रोक लगा दी गई है।

यह सैन्य अभियान और तेल प्रतिबंधों की बहाली इस बात का संकेत है कि ट्रंप प्रशासन ने ईरान द्वारा कथित तौर पर युद्धविराम के उल्लंघन के जवाब में सैन्य और आर्थिक दोनों तरह के दबाव की रणनीति अपनाने का फैसला किया है।

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