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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 3:18 · नई दिल्ली संस्करण

लोकसभा पहुंचे यूएई के पर्यटन मंत्री, ओम बिरला से हुई अहम मुलाकात

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
लोकसभा पहुंचे यूएई के पर्यटन मंत्री, ओम बिरला से हुई अहम मुलाकात

नई दिल्ली। संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के पर्यटन एवं आर्थिक मामलों के मंत्री अब्दुल्ला बिन तौक अल मरी के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने सोमवार को संसद भवन में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से मुलाकात की।

लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, "यूएई के अर्थव्यवस्था एवं पर्यटन मंत्री अब्दुल्ला बिन तौक अल मरी और उनके प्रतिनिधिमंडल का संसद भवन में स्वागत कर खुशी हुई।"

उन्होंने कहा, "यह मुलाकात भारत और यूएई के बीच आपसी विश्वास, साझा हितों और घनिष्ठ सहयोग पर आधारित मजबूत एवं स्थायी साझेदारी को दर्शाती है।

इस दौरान द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने और लोगों के बीच संपर्क बढ़ाने की अपनी साझा प्रतिबद्धता दोहराई गई।"

यूएई के मंत्री ने केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू किंजरापु से भी मुलाकात की।

बैठक के बाद राम मोहन नायडू ने एक्स पर लिखा, "यूएई के अर्थव्यवस्था एवं पर्यटन मंत्री अब्दुल्ला बिन तौक अल मरी से मुलाकात कर खुशी हुई। भारत और यूएई के मजबूत द्विपक्षीय संबंधों के केंद्र में हमेशा से जोर एरियल कनेक्टिविटी बढ़ाने पर रहा है। भारत के तेजी से बढ़ते विमानन क्षेत्र में नए सहयोग के अवसरों, विशेष रूप से मेंटेनेंस, रिपेयर एंड ओवरहॉल (एमआरओ) और विनिर्माण (मैन्युफैक्चरिंग) पर सार्थक चर्चा हुई।"

भारत और यूएई दुनिया की सबसे पुरानी और मजबूत व्यापारिक साझेदारियों में से एक साझा करते हैं। 1960 के दशक में तेल की खोज और 1971 में यूएई के संघीय राष्ट्र बनने के बाद दोनों देशों के संबंधों को नई गति मिली।

पिछले एक दशक में यह रिश्ता पारंपरिक व्यापारिक साझेदारी से आगे बढ़कर 'व्यापक रणनीतिक साझेदारी' में बदल गया है।

अब यह सहयोग व्यापार, निवेश, ऊर्जा, प्रौद्योगिकी और लोगों के बीच गहरे संबंधों तक विस्तारित हो चुका है।

आज भारत और यूएई अपने-अपने क्षेत्रों में एक-दूसरे के सबसे महत्वपूर्ण आर्थिक साझेदारों में शामिल हैं और दोनों देशों के संबंध 21वीं सदी में सफल द्विपक्षीय सहयोग का एक प्रमुख उदाहरण बन चुके हैं।

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